फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Mohali News ›   Zirakpur will get two big sewerage treatment plants to be built at a cost of crores of rupees

Mohali News: जीरकपुर को मिलेंगे करोड़ों रुपए की लागत से बनने वाले दो बड़े सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट

Mon, 19 May 2025 01:30 AM IST
Chandigarh Bureau चंडीगढ़ ब्यूरो
Updated Mon, 19 May 2025 01:30 AM IST
विज्ञापन
Zirakpur will get two big sewerage treatment plants to be built at a cost of crores of rupees
जीरकपुर। सनौली में 45 एमएलडी और छत गांव में 35 एमएलडी क्षमता का सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट लगाया जाएगा। हाईकोर्ट से एसटीपी पर लगाई गई रोक को हटाने से अब इसके लिए रास्ता साफ हो गया।
विज्ञापन

जीरकपुर शहर में पहले आबादी के हिसाब से गांव सिंहपुरा में 17.3 एमएलडी का एक सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट लगाया गया था जो कि करीब एक लाख की आबादी के लिए काफी था। लेकिन शहर की निरंतर बढ़ती जा रही आबादी के चलते पहले वाला सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट कम पड़ गया था। इसके मद्देनजर शहर में एक और सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट लगाने की मांग उठने लगी।
विज्ञापन

नगर परिषद की ओर से सनौली क्षेत्र में एक सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट लगाने की योजना बनाई तथा उसके लिए सारी प्रक्रिया भी पूरी कर ली गई। लेकिन आसपास की दर्जनों सोसाइटियों के लोगों ने इस क्षेत्र में लगने वाले सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट का विरोध शुरू कर दिया और कानूनी रास्ता अपनाते हुए इस एसटीपी पर अदालत से स्टे लगवा दिया था। इस कारण यहां पर लगने वाले एसटीपी का काम अधर में लटक गया था। अब अदालत की ओर से इस एसटीपी पर लगाई गई रोक को हटाने से अब इसके लिए रास्ता साफ हो गया।
विज्ञापन
विज्ञापन

सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार नगर परिषद द्वारा इस क्षेत्र में अपने स्तर पर एक सर्वे करवाया गया था जिससे पता चला कि ढकोली, पीरमुछल्ला तथा बलटाना क्षेत्र में करीब 3 लाख की आबादी हो गई है। इतनी आबादी के लिए कम से कम 45 एमएलडी की क्षमता का एसटीपी लगाने पर विचार किया जा रहा है, जबकि पहले यहां पर 22.5 एमएलडी की क्षमता का एसटीपी लगाया जाना था। इस प्रोजेक्ट पर करीब 75 करोड़ रुपए खर्च आने का अनुमान लगाया जा रहा है।यहां पर एसटीपी लगाने से बलटाना, ढकोली, पीरमुछल्ला, सनौली, किशनपुरा अधिक क्षेत्रों को फायदा होगा।
जानकारी के अनुसार बाद एसटीपी लगाने के लिए प्रोजेक्ट को दोबारा से री-डिजाइन किया जाएगा तथा उसके हिसाब से ही टेंडर प्रक्रिया शुरू की जाएगी, जिसके लिए करीब 6 महीने का समय लग सकता है। उसके बाद एसटीपी लगाने तथा सीवरेज लाइन डालने के लिए ठेकेदार को करीब 1 साल का समय दिया जा सकता है। इससे सीधा-सीधा अनुमान लगाया जा रहा है कि सनौली क्षेत्र में लगने वाले एसटीपी को करीब डेढ़ वर्ष का समय लग सकता है।
इसके अलावा गांव छत के पीछे गांव बाकरपुर की जमीन में एक 35 एमएलडी का सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट लगेगा। जिससे गांव दयालपुरा की कॉलोनीयां, अड्डा झुंगियां, गांव छत, पीआर-7 रोड की सभी सोसाइटी तथा वीआईपी रोड की कुछ लाइन को घुमाकर इस जगह पर डाला जाएगा। इस प्रोजेक्ट पर करीब 60 करोड़ रुपए खर्च आएंगे।

तीसरा जो गांव सिंहपुरा में मौजूदा सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट 17.3 एमएलडी का है वह अभी भी शटडाउन पर है। उसके चलने में अभी 2 महीने का और समय लग सकता है।

कोट्स ::::

दो बड़े सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट लगने से शहर में सीवरेज ओवरफ्लो की समस्या का स्थाई समाधान हो जाएगा। बरसाती पानी की निकासी की पाइपलाइन सीवरेज लाइन के साथ नहीं जोड़ा जाना चाहिए क्योंकि बरसात के दिनों में पानी का बहाव ज्यादा आने से सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट को नुकसान होता है। बरसाती पानी में कंकर तथा मिट्टी बहुत ज्यादा आती है। जिसके चलते मोटर खराब हो जाती हैं और पंप खराब हो जाते हैं। -लवकेश कुमार, एसडीओ, सीवरेज विभाग जीरकपुर।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed