{"_id":"6a5e88e33f389fc14e0ec22a","slug":"woman-digitally-arrested-by-someone-posing-as-a-cbi-officer-swindled-of-115-crore-mohali-news-c-71-1-spkl1025-144904-2026-07-21","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mohali News: सीबीआई अफसर बन महिला को किया डिजिटल अरेस्ट , 1.15 करोड़ ठगे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mohali News: सीबीआई अफसर बन महिला को किया डिजिटल अरेस्ट , 1.15 करोड़ ठगे
विज्ञापन
मोहाली। जीरकपुर की एक महिला से साइबर ठगों ने सीबीआई और टेलीकॉम विभाग का अधिकारी बनकर 1.15 करोड़ रुपये की ठगी की है। ठगों ने महिला को मनी लॉन्ड्रिंग और पोर्नोग्राफी के फर्जी मामलों में फंसाने की धमकी दी। इस दौरान उसे डिजिटल अरेस्ट में रखा।
पीड़िता राज रानी ने जिला साइबर क्राइम थाना मोहाली में शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। राज रानी को एक अनजान नंबर से कॉल आई थी। कॉल करने वाले ने खुद को मुंबई टेलीकॉम विभाग का अधिकारी बताया। उसने महिला का आधार नंबर सत्यापित किया। इस जानकारी से महिला को कॉल पर भरोसा हो गया। आरोपी ने दावा किया कि महिला के नाम पर जारी सिम कार्ड का इस्तेमाल पोर्नोग्राफी सामग्री प्रसारित करने में हुआ है। उसने यह भी कहा कि इस संबंध में कई शिकायतें दर्ज हैं। आरोपी ने बताया कि महिला का नाम उद्योगपति नरेश गोयल से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में सामने आया है। जांच सीबीआई को सौंप दी गई है, ऐसा कहकर ठगों ने महिला को डराया। ठगों ने महिला पर लगातार दबाव बनाया। उन्होंने उसे बताया कि वह डिजिटल अरेस्ट में है। उससे कहा गया कि जांच पूरी होने तक वह किसी से संपर्क न करे। गिरफ्तारी और कानूनी कार्रवाई के डर से महिला उनके झांसे में आ गई।
बैंक खातों से रकम ट्रांसफर और पुलिस जांच
आरोपियों ने जांच और सत्यापन का हवाला दिया। उन्होंने महिला से उसके बैंक खातों और वित्तीय जानकारी हासिल की। इसके बाद अलग-अलग खातों में कुल 1.15 करोड़ रुपये स्थानांतरित करवा लिए। ठगी का एहसास होने पर महिला ने जिला साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस अब बैंक खातों, मोबाइल नंबरों और डिजिटल लेनदेन की जांच कर रही है।
विज्ञापन
आज ही मामले दर्ज किए गए हैं। हमारी साइबर टीम इस पर काम कर रही है। जल्द ही आरोपियों को काबू कर लिया जाएगा।
वरिंदर सिंह खोसा, डीएसपी एडीशनल चार्ज साइबर क्राइम
विज्ञापन
पीड़िता राज रानी ने जिला साइबर क्राइम थाना मोहाली में शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। राज रानी को एक अनजान नंबर से कॉल आई थी। कॉल करने वाले ने खुद को मुंबई टेलीकॉम विभाग का अधिकारी बताया। उसने महिला का आधार नंबर सत्यापित किया। इस जानकारी से महिला को कॉल पर भरोसा हो गया। आरोपी ने दावा किया कि महिला के नाम पर जारी सिम कार्ड का इस्तेमाल पोर्नोग्राफी सामग्री प्रसारित करने में हुआ है। उसने यह भी कहा कि इस संबंध में कई शिकायतें दर्ज हैं। आरोपी ने बताया कि महिला का नाम उद्योगपति नरेश गोयल से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में सामने आया है। जांच सीबीआई को सौंप दी गई है, ऐसा कहकर ठगों ने महिला को डराया। ठगों ने महिला पर लगातार दबाव बनाया। उन्होंने उसे बताया कि वह डिजिटल अरेस्ट में है। उससे कहा गया कि जांच पूरी होने तक वह किसी से संपर्क न करे। गिरफ्तारी और कानूनी कार्रवाई के डर से महिला उनके झांसे में आ गई।
विज्ञापन
बैंक खातों से रकम ट्रांसफर और पुलिस जांच
आरोपियों ने जांच और सत्यापन का हवाला दिया। उन्होंने महिला से उसके बैंक खातों और वित्तीय जानकारी हासिल की। इसके बाद अलग-अलग खातों में कुल 1.15 करोड़ रुपये स्थानांतरित करवा लिए। ठगी का एहसास होने पर महिला ने जिला साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस अब बैंक खातों, मोबाइल नंबरों और डिजिटल लेनदेन की जांच कर रही है।
विज्ञापन
आज ही मामले दर्ज किए गए हैं। हमारी साइबर टीम इस पर काम कर रही है। जल्द ही आरोपियों को काबू कर लिया जाएगा।
वरिंदर सिंह खोसा, डीएसपी एडीशनल चार्ज साइबर क्राइम