{"_id":"6ae3b2a2d7447dd302070fb6","slug":"service-center-staff-staged-a-protest-over-a-salary-deduction-of-3500-demanding-its-reversal-the-government-logo-will-be-displayed-by-the-staff-mohali-news-c-71-1-mli1018-148480-2026-10-30","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mohali News: सेवा केंद्र कर्मियों ने 3500 रुपये वेतन कटौती पर किया प्रदर्शन, वापसी की मांग कर्मचारी शासन का लोगो लगेगा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mohali News: सेवा केंद्र कर्मियों ने 3500 रुपये वेतन कटौती पर किया प्रदर्शन, वापसी की मांग कर्मचारी शासन का लोगो लगेगा
विज्ञापन
शासन सुधार विभाग के कार्यालय के सामने प्रदर्शन कर उठाई मांगें, कटौती पर आर्थिक शोषण का आरोप लगाया
संवाद न्यूज एजेंसी
मोहाली। वीरवार को सेवा केंद्र कर्मचारियों ने अपने वेतन से 3500 रुपये प्रतिमाह की कटौती के विरोध में प्रदर्शन किया। उन्होंने मोहाली स्थित शासन सुधार विभाग के कार्यालय के सामने धरना दिया। कर्मचारियों ने आधार जुर्माने के नाम पर की जा रही इस कटौती को आर्थिक शोषण बताया। कर्मचारियों का मासिक वेतन करीब 12,500 रुपये है। 3500 रुपये की कटौती के बाद उनके पास लगभग 9000 रुपये ही बचते हैं। इस राशि में परिवार का खर्च चलाना, बच्चों की पढ़ाई और घर के बिल भरना मुश्किल हो गया है। सेवा केंद्र कर्मचारी यूनियन पंजाब के आह्वान पर कर्मचारियों ने अपने सेवा केंद्र बंद रखे। यूनियन ने आरोप लगाया कि कम वेतन के बावजूद कंपनी की यह कटौती अन्यायपूर्ण है। यूनियन के अध्यक्ष बलजिंदर सिंह, उपाध्यक्ष मोहिनी शर्मा, मोहाली के अध्यक्ष कुलविंदर सिंह और महासचिव सुखविंदर सिंह धरने में मौजूद रहे। यूनियन ने कहा कि मौजूदा महंगाई में इतने कम पैसों में परिवार का पालन-पोषण कठिन है। इस समस्या को लेकर शासन सुधार विभाग के अधिकारियों से पहले भी कई बैठकें हुई हैं, लेकिन अब तक कोई समाधान नहीं निकला। इसी कारण कर्मचारियों को धरना देने के लिए मजबूर होना पड़ा।
कर्मचारियों की यह हैं मुख्य मांगें
यूनियन ने भविष्य में कर्मचारियों के वेतन से इस प्रकार की कटौती बंद करने की भी अपील की। कर्मचारियों के हितों की रक्षा के लिए आर्थिक शोषण करने वाली कंपनी को हटाने की मांग की गई। यूनियन ने स्पष्ट किया कि जब तक उनकी सभी मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक उनका संघर्ष जारी रहेगा। कर्मचारियों ने एकजुट होकर अपने अधिकारों की रक्षा की आवाज उठाई। उन्होंने समस्या के स्थायी समाधान की मांग की। कर्मचारियों का कहना है कि 12,500 रुपये के वेतन में 3500 रुपये की कटौती से जीवनयापन मुश्किल हो गया है। यह कटौती उनके लिए एक बड़ा आर्थिक बोझ बन गई है।
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
मोहाली। वीरवार को सेवा केंद्र कर्मचारियों ने अपने वेतन से 3500 रुपये प्रतिमाह की कटौती के विरोध में प्रदर्शन किया। उन्होंने मोहाली स्थित शासन सुधार विभाग के कार्यालय के सामने धरना दिया। कर्मचारियों ने आधार जुर्माने के नाम पर की जा रही इस कटौती को आर्थिक शोषण बताया। कर्मचारियों का मासिक वेतन करीब 12,500 रुपये है। 3500 रुपये की कटौती के बाद उनके पास लगभग 9000 रुपये ही बचते हैं। इस राशि में परिवार का खर्च चलाना, बच्चों की पढ़ाई और घर के बिल भरना मुश्किल हो गया है। सेवा केंद्र कर्मचारी यूनियन पंजाब के आह्वान पर कर्मचारियों ने अपने सेवा केंद्र बंद रखे। यूनियन ने आरोप लगाया कि कम वेतन के बावजूद कंपनी की यह कटौती अन्यायपूर्ण है। यूनियन के अध्यक्ष बलजिंदर सिंह, उपाध्यक्ष मोहिनी शर्मा, मोहाली के अध्यक्ष कुलविंदर सिंह और महासचिव सुखविंदर सिंह धरने में मौजूद रहे। यूनियन ने कहा कि मौजूदा महंगाई में इतने कम पैसों में परिवार का पालन-पोषण कठिन है। इस समस्या को लेकर शासन सुधार विभाग के अधिकारियों से पहले भी कई बैठकें हुई हैं, लेकिन अब तक कोई समाधान नहीं निकला। इसी कारण कर्मचारियों को धरना देने के लिए मजबूर होना पड़ा।
कर्मचारियों की यह हैं मुख्य मांगें
यूनियन ने भविष्य में कर्मचारियों के वेतन से इस प्रकार की कटौती बंद करने की भी अपील की। कर्मचारियों के हितों की रक्षा के लिए आर्थिक शोषण करने वाली कंपनी को हटाने की मांग की गई। यूनियन ने स्पष्ट किया कि जब तक उनकी सभी मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक उनका संघर्ष जारी रहेगा। कर्मचारियों ने एकजुट होकर अपने अधिकारों की रक्षा की आवाज उठाई। उन्होंने समस्या के स्थायी समाधान की मांग की। कर्मचारियों का कहना है कि 12,500 रुपये के वेतन में 3500 रुपये की कटौती से जीवनयापन मुश्किल हो गया है। यह कटौती उनके लिए एक बड़ा आर्थिक बोझ बन गई है।
विज्ञापन