{"_id":"69c6ebb07704669de905a2bd","slug":"harmilap-nagar-railway-crossing-underpass-gains-momentum-chandigarh-administration-releases-rs-2-crore-mohali-news-c-16-1-pkl1046-981261-2026-03-28","type":"story","status":"publish","title_hn":"हरमिलाप नगर रेलवे फाटक : अंडरपास को मिली रफ्तार, चंडीगढ़ प्रशासन ने जारी किए 2 करोड़ रुपये","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हरमिलाप नगर रेलवे फाटक : अंडरपास को मिली रफ्तार, चंडीगढ़ प्रशासन ने जारी किए 2 करोड़ रुपये
विज्ञापन
जीरकपुर। हरमिलाप नगर रेल फाटक पर अंडरपास बनाने के 12.8 करोड़ रुपये के प्रोजेक्ट में से चंडीगढ़ प्रशासन ने अपने हिस्से में से दो करोड़ रुपये जारी कर दिए हैं। इस अंडरपास पास पर 6.40 करोड़ रेलवे और 6.40 करोड़ रुपये चंडीगढ़ प्रशासन को खर्च करना है। चंडीगढ़ प्रशासन द्वारा जल्द ही बकायारोड़ रुपये भी जारी कर दिए जाएंगे। रेलवे का कहना था कि जब तक चंडीगढ़ प्रशासन द्वारा अपने हिस्से के 6.40 करोड़ रुपये जारी नहीं किए जाते, तब तक अंडरपास का निर्माण नहीं किया जा सकता। यह प्रोजेक्ट करीब सात वर्ष से विभिन्न कारणों और राजनीतिक अड़चनों से अटका हुआ था।
अब केंद्र और चंडीगढ़ प्रशासन के तालमेल से इसे गति मिली है। रेलवे की टेंडर प्रक्रिया से पहले प्रशासन को अपनी पूरी हिस्सेदारी जारी करनी होगी। सेक्शन-21 के तहत भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया 6 अप्रैल तक पूरी होने की संभावना है। इसके बाद निर्माण कार्य शुरू हो सकेगा। इससे रेलवे फाटक हटाओ अंडरपास बनाओ संघर्ष कमेटी आरयूबी-123, रायपुरकलां, बलटाना और जीरकपुर के निवासियों का लंबा संघर्ष का फल मिल गया है। संघर्ष कमेटी और सहयोग सेवा फाउंडेशन की टीम ने इस उपलब्धि का श्रेय सांसद सतनाम सिंह संधू और पार्षद अनिल दुबे को दिया है। कमेटी ने कहा कि उनकी सक्रिय कार्यशैली और समन्वय के चलते यह परियोजना फास्ट ट्रैक मोड में आगे बढ़ी है।
अप्रैल में शुरू होगा निर्माण कार्य
हरमिलाप नगर रायपुर कलां रेलवे फाटक पर अंडरपास का निर्माण कार्य अप्रैल 2026 के अंत तक शुरू होने की उम्मीद है। उत्तर रेलवे के सीनियर डिविजनल इंजीनियर नवीन चिंकारा के अनुसार रेलवे की कोशिश रहेगी कि इस प्रोजेक्ट को वर्ष 2026 के भीतर पूरा कर लोकार्पित किया जाए। संघर्ष कमेटी के प्रवक्ता गुरबिंदर सिंह संधू ने कहा कि सांसद सतनाम संधू अपने वादे पर खरे उतरे हैं। उन्होंने इस परियोजना को फास्ट ट्रैक पर आगे बढ़ाते हुए बिना किसी धरना-प्रदर्शन के प्रशासन और केंद्रीय मंत्रालय के साथ समन्वय स्थापित किया। उनके प्रयासों से ही 2 करोड़ रुपये की राशि जारी हो सकी है।
विज्ञापन
ढकोली पर ओवरब्रिज बनाने का भी रास्ता हो रहा है साफ
दूसरी और पीरमुछल्ला और ढकोली क्षेत्र को जीरकपुर और बलटाना से जोड़ने वाला ढकोली रेलवे फाटक जो लोगों के लिए परेशानी बन हुआ था, के ऊपर ओवरब्रिज बनाने के लिए रास्ता साफ हो गया है। इसके लिए सरकार ने 65 करोड़ रुपयं की राशि मंजूर कर दी गई है। इससे पहले ढकोली रेलवे फाटक पर अंडर ब्रिज बनाने की योजना बनाई गई थी जिसके लिए करीब 12 करोड़ रुपये का बजट बनाया गया था। जिसमें से नगर परिषद जीरकपुर द्वारा अपने हिस्से की 5 करोड़ 85 लाख 14 हजार रुपए की राशि रेलवे को अदा कर दी गई थी। लेकिन कुछ तकनीकी कारणों के चलते इस अंडरब्रिज की जगह पर ओवरब्रिज बनाने की योजना बनाई गई है। इसके बाद रेलवे द्वारा नगर परिषद के पैसे वापस कर दिए गए हैं।
विज्ञापन
अब केंद्र और चंडीगढ़ प्रशासन के तालमेल से इसे गति मिली है। रेलवे की टेंडर प्रक्रिया से पहले प्रशासन को अपनी पूरी हिस्सेदारी जारी करनी होगी। सेक्शन-21 के तहत भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया 6 अप्रैल तक पूरी होने की संभावना है। इसके बाद निर्माण कार्य शुरू हो सकेगा। इससे रेलवे फाटक हटाओ अंडरपास बनाओ संघर्ष कमेटी आरयूबी-123, रायपुरकलां, बलटाना और जीरकपुर के निवासियों का लंबा संघर्ष का फल मिल गया है। संघर्ष कमेटी और सहयोग सेवा फाउंडेशन की टीम ने इस उपलब्धि का श्रेय सांसद सतनाम सिंह संधू और पार्षद अनिल दुबे को दिया है। कमेटी ने कहा कि उनकी सक्रिय कार्यशैली और समन्वय के चलते यह परियोजना फास्ट ट्रैक मोड में आगे बढ़ी है।
विज्ञापन
अप्रैल में शुरू होगा निर्माण कार्य
हरमिलाप नगर रायपुर कलां रेलवे फाटक पर अंडरपास का निर्माण कार्य अप्रैल 2026 के अंत तक शुरू होने की उम्मीद है। उत्तर रेलवे के सीनियर डिविजनल इंजीनियर नवीन चिंकारा के अनुसार रेलवे की कोशिश रहेगी कि इस प्रोजेक्ट को वर्ष 2026 के भीतर पूरा कर लोकार्पित किया जाए। संघर्ष कमेटी के प्रवक्ता गुरबिंदर सिंह संधू ने कहा कि सांसद सतनाम संधू अपने वादे पर खरे उतरे हैं। उन्होंने इस परियोजना को फास्ट ट्रैक पर आगे बढ़ाते हुए बिना किसी धरना-प्रदर्शन के प्रशासन और केंद्रीय मंत्रालय के साथ समन्वय स्थापित किया। उनके प्रयासों से ही 2 करोड़ रुपये की राशि जारी हो सकी है।
विज्ञापन
ढकोली पर ओवरब्रिज बनाने का भी रास्ता हो रहा है साफ
दूसरी और पीरमुछल्ला और ढकोली क्षेत्र को जीरकपुर और बलटाना से जोड़ने वाला ढकोली रेलवे फाटक जो लोगों के लिए परेशानी बन हुआ था, के ऊपर ओवरब्रिज बनाने के लिए रास्ता साफ हो गया है। इसके लिए सरकार ने 65 करोड़ रुपयं की राशि मंजूर कर दी गई है। इससे पहले ढकोली रेलवे फाटक पर अंडर ब्रिज बनाने की योजना बनाई गई थी जिसके लिए करीब 12 करोड़ रुपये का बजट बनाया गया था। जिसमें से नगर परिषद जीरकपुर द्वारा अपने हिस्से की 5 करोड़ 85 लाख 14 हजार रुपए की राशि रेलवे को अदा कर दी गई थी। लेकिन कुछ तकनीकी कारणों के चलते इस अंडरब्रिज की जगह पर ओवरब्रिज बनाने की योजना बनाई गई है। इसके बाद रेलवे द्वारा नगर परिषद के पैसे वापस कर दिए गए हैं।