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डेंगू की चपेट में मोहाली: छह साल की मासूम समेत चार लोगों की मौत, 139 नए मरीज मिले
Thu, 21 Oct 2021 02:06 AM IST
मोहाली ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मोहाली (पंजाब)
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मोहाली (पंजाब)
Published by: मोहाली ब्यूरो
Updated Thu, 21 Oct 2021 02:06 AM IST
सार
सेहत विभाग की अलग-अलग टीमों के अधिकारी जिले के विभिन्न हिस्सों में रहने वाले लोगों के घरों में जाकर सर्वे कर रहे हैं और डेंगू लारवा मिलने की सूरत में उसे तुरंत नष्ट कर रहे हैं।
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प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
मोहाली में डेंगू बुखार लगातार अपना कहर बरपा रहा है और मरीजों की संख्या में लगातार बढ़ोतरी हो रही है। बुधवार को डेंगू संदिग्ध एक छह वर्षीय मासूम बच्ची सहित कुल चार लोगों की मौत हो गई।
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सेहत विभाग की ओर से डेंगू के संदिग्ध 239 मरीजों की जांच की गई, इनमें से 139 लोगों में डेंगू की पुष्टि हुई है। जिले की सिविल सर्जन डॉ. आदर्शपाल कौर ने कहा कि जिले में अब डेंगू बुखार से पीड़ित मरीजों की कुल संख्या 1755 हो गई है, जिनका इलाज अलग-अलग अस्पतालों में चल रहा है। दूसरी ओर, सेहत विभाग की ओर से मृतकों के क्षेत्र में जागरूकता मुहिम तेज कर दी गई है।
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जानकारी के मुताबिक बलौंगी की हंसराज कॉलोनी की रहने वाली छह वर्षीय बच्ची साक्षी को लंबे समय से तेज बुखार चल रहा था और तबीयत खराब होने के चलते उसका इलाज चल रहा था। बुधवार को साक्षी की तबीयत बहुत ज्यादा खराब हो गई। इस कारण उसकी मौत हो गई। इसी तरह, नयागांव के गोविंद नगर कॉलोनी के रहने वाले 25 वर्षीय परमवीर सिंह, जीरकपुर के वीआईपी रोड पर ऑर्बिट सोसाइटी की 67 वर्षीय मंजू वत्स और मोहाली के फेज-5 के रहने वाले 28 साल के अनुपम की मौत हो गई।
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वहीं दूसरी ओर, जिला प्रशासन की ओर से मृतक के पारिवारिक सदस्यों के सैंपल लेकर क्षेत्र में नगर निगम और नगर काउंसिल की टीमों की मदद से फॉगिंग शुरू कर दी गई है। इसके अलावा सेहत विभाग की अलग-अलग टीमों के अधिकारी जिले के विभिन्न हिस्सों में रहने वाले लोगों के घरों में जाकर सर्वे कर रहे हैं और डेंगू लारवा मिलने की सूरत में उसे तुरंत नष्ट कर रहे हैं।
सरकारी अस्पतालों में 24 घंटे मौजूद रहेंगे डॉक्टर
जानकारी के मुताबिक सेहत विभाग की ओर से मंगलवार को जिले में डेंगू बुखार के लक्षणों के प्रति जागरूक करने के लिए जगह-जगह बोर्ड और होर्डिंग्स लगाए गए हैं। इन पर डेंगू बुखार के लक्षणों संबंधी जागरूक किया गया है। साथ ही बुखार के लक्षण मिलने पर संबंधित सरकारी अस्पताल के डॉक्टरों के साथ संपर्क करने को कहा गया है।
जिले की सिविल सर्जन डॉ. आदर्शपाल कौर ने बताया कि सिविल अस्पताल में डेंगू बुखार से पीड़ित मरीजों की संख्या को देखते हुए बेडों की संख्या बढ़ा दी गई है और डॉक्टरों की तैनाती 24 घंटे के लिए कर दी गई है। जिससे मरीज के इलाज को लेकर किसी प्रकार की दिक्कत न हो। इसके अलावा डेंगू बुखार की जांच को लेकर टेस्ट किट मंगलवार देर रात अस्पताल में पहुंच चुकी हैं और अब उनके पास 300 मरीजों की जांच करने के लिए किट का स्टॉक मौजूद है।