फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Mohali News ›   आरबीआई बैक का डिप्टी मैनेजर समेत नौ पर केस दर्ज

आरबीआई बैक का डिप्टी मैनेजर समेत नौ पर केस दर्ज

Wed, 12 Sep 2018 02:32 PM IST
Updated Wed, 12 Sep 2018 02:32 PM IST
विज्ञापन
आरबीआई बैक का डिप्टी मैनेजर समेत नौ पर केस दर्ज
बैंक अधिकारियों समेत नौ लोगों पर केस दर्ज
विज्ञापन

इश्योरेंस पालिसी के नाम पर धोखाधड़ी करने का मामला
एसएसपी के आदेश पर हुई जांच के बाद की गई कार्रवाई
आरोपी अभी तक फरार, पुलिस आरोपियों की जांच में जुटी
अमर उजाला ब्यूरो
मोहाली। मटौर थाने में इंश्योरेंस पालिसी के नाम पर लाखों रुपये की धोखाधड़ी के मामले में दो महिलाओं समेत नौ लोगों पर केस दर्ज किया गया है। आरोपियों में आरबीआई बैंक मुंबई के डिप्टी जनरल मैनेजर इंद्रजीत सिंह गरेवाल, सरिता महाजन शामिल हैं। इसके अलावा मोहम्मद यूसुफ, अनीता सेन जनरल मैनेजर ऑफ बैक ऑफ महाराष्ट्र लखनऊ ब्रांच, प्रेम, गायत्री, संजय सिंह, जतिंदर प्रकाश और रवि शंकर पर केस दर्ज किया गया है। ये सारे प्राइवेट कंपनी में तैनात हैं। इस संबंधी सेक्टर-71 निवासी मनमोहन सिंह ने एसएसपी को शिकायत दी थी। जांच के बाद केस दर्ज हुआ है।
शिकायत में मनमोहन सिंह ने बताया कि उसने एक प्राइवेट कंपनी से 2015 में लाइफ इंश्योरेंस पालिसी प्लान लिया था। वह नियमों के मुताबिक भुगतान कर रहा था। अक्तूबर 2017 में उसे एक कॉल आई । कॉल करने वाले ने खुद को आरबीआई की मुंबई शाखा का डिप्टी जनरल मैनेजर इंद्रजीत सिंह गरेवाल बताया। उसने कहा कि जो उसकी इंश्योरेंस पालिसी है वह नियमों के मुताबिक नहीं है। इसके बाद सरिता महाजन नाम की महिला की कॉल आई। उसने खुद को आरबीआई का सीनियर मैनेजर बताया। उसका भी कहना था कि उनकी पालिसी आरबीआई की गाइड लाइन के मुताबिक नहीं है। बताया कि वह साठ साल की उम्र के बाद इंश्योरेेंस पालिसी नहीं ले सकते हैं। उसने पालिसी बंद करने के लिए कह दिया।
विज्ञापन


बॉक्स
सात लाख रुपये प्रोसेसिंग फीस के रूप में हड़पे
मनमोहन सिंह ने बताया कि इसी बीच दिसंबर में एक बार फिर से उन्हें कॉल आई। इस दौरान उन्होंने कहा कि उसका पालिसी मैच्योर होने वाली है। उसमें तीस लाख रुपये मिलने हैं। इसके लिए उन्हें प्रोसेसिंग फीस भरनी होगी जो लगभग सात लाख रुपये बनती है। उसने तीस लाख के चेक की फोटो कॉपी भेज दी। इसके बाद मनमोहन सिंह ने उक्त राशि का भुगतान भी कर दिया। इसके बाद उन लोगों ने फोन तक उठाना बंद कर दिया। मनमोहन सिंह ने इस संबंधी एक शिकायत एसएसपी मोहाली को मई में दी। डीएसपी स्तर के अधिकारी ने इस मामले की पड़ताल की जिसके बाद मटौर थाने में आरोपियों पर केस दर्ज करने की कार्रवाई की गई।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed