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स्वास्थ्य-सुरक्षा प्रबंध के प्रति कोताही बर्दास्त नहीं
Mohali
Updated Sat, 05 May 2012 12:00 PM IST
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डेराबस्सी। औद्योगिक इकाइयों खासकर केमिकल फैक्टरियों में कर्मचारियों के स्वास्थ्य तथा सुरक्षा प्रबंधों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सरकार प्रत्येक फैक्टरी में इस तरह के प्रबंधों को यकीनी बनाए जाने के लिए वचनबद्ध है।
यह विचार संसदीय सचिव उद्योग एवं वाणिज्य विभाग एनके शर्मा ने शुक्रवार को यहां दशमेश मेडिकेयर में हुए भीषण अग्निकांड के घायलों को मुआवजे का चेक बांटने के दौरान व्यक्त किए। उन्हाेंने कहा कि सुरक्षा प्रबंधों की जांच के लिए जहां फैक्टरी ऑडिट अनिवार्य बनाया गया है, वहीं हलके के तमाम उद्योगपतियों के साथ के 9 मई को संबंधित अधिकारियों की मौजूदगी में एक बैठक रखी गई है। इस तरह के हादसों के लिए प्रबंधकों को जिम्मेदार ठहराना ठीक नहीं है, मानवीय लापरवाही भी इसका बड़ा कारण हो सकती है। जांच चल रही है, कोताही करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई जरूर होगी। दशमेश मेडिकेयर प्रबंधकों द्वारा हादसे के पीड़ितों को इलाज एवं मृतकों के आश्रितों को यथासंभव सहयोग दिया जा रहा है। उन्होंने बताया कि मृतक आश्रितों को कंपनी पांच-पांच लाख के चेक दे चुुकी है, जबकि सरकार दो-दो लाख का मुआवजा देने जा रही है।
शर्मा ने कंपनी के जीएम अतुल चौबे एवं एसडीएम इंद्रजीत कौर कंग के साथ हादसे में जख्मी हुए रामनरेश, मुनिलाल, सुखबीर, सुभेंदु, रणधीर, कपिल, सर्बजीत, अब्दुल मलिक, बेचंद, आशु, अशोक, सतिंदर अवस्थी एवं राजकुमार को एक-एक लाख के चेक बांटे। इस मौके पर नरिंदर धीमान, मैनेजर कमल मेहता, हरजिंदर रंगी, पिंका व हरिओम धीमान भी मौजूद थे।
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यह विचार संसदीय सचिव उद्योग एवं वाणिज्य विभाग एनके शर्मा ने शुक्रवार को यहां दशमेश मेडिकेयर में हुए भीषण अग्निकांड के घायलों को मुआवजे का चेक बांटने के दौरान व्यक्त किए। उन्हाेंने कहा कि सुरक्षा प्रबंधों की जांच के लिए जहां फैक्टरी ऑडिट अनिवार्य बनाया गया है, वहीं हलके के तमाम उद्योगपतियों के साथ के 9 मई को संबंधित अधिकारियों की मौजूदगी में एक बैठक रखी गई है। इस तरह के हादसों के लिए प्रबंधकों को जिम्मेदार ठहराना ठीक नहीं है, मानवीय लापरवाही भी इसका बड़ा कारण हो सकती है। जांच चल रही है, कोताही करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई जरूर होगी। दशमेश मेडिकेयर प्रबंधकों द्वारा हादसे के पीड़ितों को इलाज एवं मृतकों के आश्रितों को यथासंभव सहयोग दिया जा रहा है। उन्होंने बताया कि मृतक आश्रितों को कंपनी पांच-पांच लाख के चेक दे चुुकी है, जबकि सरकार दो-दो लाख का मुआवजा देने जा रही है।
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शर्मा ने कंपनी के जीएम अतुल चौबे एवं एसडीएम इंद्रजीत कौर कंग के साथ हादसे में जख्मी हुए रामनरेश, मुनिलाल, सुखबीर, सुभेंदु, रणधीर, कपिल, सर्बजीत, अब्दुल मलिक, बेचंद, आशु, अशोक, सतिंदर अवस्थी एवं राजकुमार को एक-एक लाख के चेक बांटे। इस मौके पर नरिंदर धीमान, मैनेजर कमल मेहता, हरजिंदर रंगी, पिंका व हरिओम धीमान भी मौजूद थे।
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