{"_id":"30de5b87f7803d258022f8acd7f5d154","slug":"constable-crushed-death-duty","type":"story","status":"publish","title_hn":"ड्यूटी पर जा रहे कांस्टेबल को कार ने कुचला, मौत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
ड्यूटी पर जा रहे कांस्टेबल को कार ने कुचला, मौत
ब्यूरो/ अमर उजाला,लुधियाना
Updated Sat, 15 Mar 2014 10:22 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
डीसी दफ्तर के बाहर रेड लाइट पर शुक्रवार देर रात एक तेज रफ्तार कार ने सीआईए स्टाफ में तैनात कांस्टेबल कुलदीप सिंह (40) को कुचल दिया।
घायल कुलदीप को डीएमसी अस्पताल पहुंचाया गया। जहां डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलने के बाद डीसीपी हर्ष बंसल, एडीसीपी 3 सतवीर सिंह अटवाल, एडीसीपी क्राइम सहित जिला पुलिस के तमाम पुलिस अधिकारी अस्पताल पहुंचे। थाना डिवीजन आठ की पुलिस ने अज्ञात कार चालक के खिलाफ गैर इरादन हत्या का मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस आरोपी वाहन चालक के बारे में पता लगाने में जुटी हुई है।
थाना डिवीजन आठ में तैनात एसआई अजायब सिंह ने कहा कि कुलदीप सिंह मूल रुप से श्री आनंदपुर साहिब के गांव पुजारा में रहता था। यहां पर वह सीआईए स्टाफ में तैनात था। शुक्रवार की रात को वह चंद्र नगर स्थित अपने घर से ड्यूटी पर जा रहा था। वह जैसे ही डीसी दफ्तर और सीआईए स्टाफ से चंद कदम दूरी पर स्थित रेड लाइटों पर पहुंचा तो पीछे से आ रही तेज रफ्तार फार्चूनर कार ने उसे टक्कर मार दी।
टक्कर से वह कुछ दूरी पर जाकर गिर गया और कार चालक ने उसके ऊपर से कार निकाल दी और मौके से फरार हो गया। हादसे की सूचना मिलते ही एंबुलेंस मौके पर पहुंची और कुलदीप को इलाज के लिए डीएमसी अस्पताल पहुंचाया। जहां कुछ समय बाद ही डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। अजायब सिंह ने कहा कि पुलिस ने गाड़ी ट्रेस कर ली है।
विज्ञापन
अभी आरोपी पुलिस गिरफ्त से बाहर है। उसे भी जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा। कुलदीप का भाई विदेश में रहता है। उसे कुलदीप की मौत की खबर दे दी गई है। शनिवार देर रात को उसका भाई विदेश से पहुंच जाएगा। जिसके बाद कुलदीप का अंतिम संस्कार उसके पैतृक गांव पुजारा में ही किया जाएगा।
परिवार के एक सदस्य को मिलेगी नौकरी : पुलिस कमिश्नर
पुलिस कमिश्नर परमजीत सिंह गिल ने कहा कि कुलदीप सिंह की सड़क हादसे में मौत होना काफी दुख की बात है। पूरा पुलिस डिपार्टमेंट परिवार के साथ इस दुख की घड़ी में उनके साथ खड़ा है। उन्होंने कहा कि कुलदीप की मौत के बाद उसके परिवार के एक सदस्य को पुलिस विभाग में नौकरी दी जाएगी। अगर उसके बच्चे छोटे है तो उसकी पत्नी या फिर अन्य सदस्य को विभाग में नौकरी दी जाएगी। उसके अलावा भी विभाग की तरह से कुलदीप के परिवार को हरसंभव मदद की जाएगी।
विज्ञापन
घायल कुलदीप को डीएमसी अस्पताल पहुंचाया गया। जहां डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलने के बाद डीसीपी हर्ष बंसल, एडीसीपी 3 सतवीर सिंह अटवाल, एडीसीपी क्राइम सहित जिला पुलिस के तमाम पुलिस अधिकारी अस्पताल पहुंचे। थाना डिवीजन आठ की पुलिस ने अज्ञात कार चालक के खिलाफ गैर इरादन हत्या का मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस आरोपी वाहन चालक के बारे में पता लगाने में जुटी हुई है।
थाना डिवीजन आठ में तैनात एसआई अजायब सिंह ने कहा कि कुलदीप सिंह मूल रुप से श्री आनंदपुर साहिब के गांव पुजारा में रहता था। यहां पर वह सीआईए स्टाफ में तैनात था। शुक्रवार की रात को वह चंद्र नगर स्थित अपने घर से ड्यूटी पर जा रहा था। वह जैसे ही डीसी दफ्तर और सीआईए स्टाफ से चंद कदम दूरी पर स्थित रेड लाइटों पर पहुंचा तो पीछे से आ रही तेज रफ्तार फार्चूनर कार ने उसे टक्कर मार दी।
विज्ञापन
टक्कर से वह कुछ दूरी पर जाकर गिर गया और कार चालक ने उसके ऊपर से कार निकाल दी और मौके से फरार हो गया। हादसे की सूचना मिलते ही एंबुलेंस मौके पर पहुंची और कुलदीप को इलाज के लिए डीएमसी अस्पताल पहुंचाया। जहां कुछ समय बाद ही डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। अजायब सिंह ने कहा कि पुलिस ने गाड़ी ट्रेस कर ली है।
विज्ञापन
अभी आरोपी पुलिस गिरफ्त से बाहर है। उसे भी जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा। कुलदीप का भाई विदेश में रहता है। उसे कुलदीप की मौत की खबर दे दी गई है। शनिवार देर रात को उसका भाई विदेश से पहुंच जाएगा। जिसके बाद कुलदीप का अंतिम संस्कार उसके पैतृक गांव पुजारा में ही किया जाएगा।
परिवार के एक सदस्य को मिलेगी नौकरी : पुलिस कमिश्नर
पुलिस कमिश्नर परमजीत सिंह गिल ने कहा कि कुलदीप सिंह की सड़क हादसे में मौत होना काफी दुख की बात है। पूरा पुलिस डिपार्टमेंट परिवार के साथ इस दुख की घड़ी में उनके साथ खड़ा है। उन्होंने कहा कि कुलदीप की मौत के बाद उसके परिवार के एक सदस्य को पुलिस विभाग में नौकरी दी जाएगी। अगर उसके बच्चे छोटे है तो उसकी पत्नी या फिर अन्य सदस्य को विभाग में नौकरी दी जाएगी। उसके अलावा भी विभाग की तरह से कुलदीप के परिवार को हरसंभव मदद की जाएगी।