फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Punjab ›   Jalandhar News ›   Punjab will not part with even a single drop of its share of water: Mann

पंजाब अपने हिस्से का पानी एक बूंद भी नहीं देगा : मान

Wed, 28 Oct 2026 02:35 AM IST
Chandigarh Bureau चंडीगढ़ ब्यूरो
Updated Wed, 28 Oct 2026 02:35 AM IST
विज्ञापन
Punjab will not part with even a single drop of its share of water: Mann
चंडीगढ़। मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने मंगलवार को सदन में सूबे के दरियाई जल के मामले पर स्पष्ट रुख अपनाते हुए घोषणा की कि पंजाब के हिस्से का पानी एक बूंद भी किसी अन्य राज्य को नहीं दिया जाएगा। इस संबंध में विधानसभा में प्रस्ताव पारित किया गया जिसमें राज्य के अधिकारों को रेखांकित किया गया। सीएम ने कहा कि पानी के लिए सरकार अदालतों से लेकर सड़कों तक लड़ाई लड़ने को तैयार है। सदन में सीएम ने सवाल किया कि राजस्थान बिना कोई भुगतान किए पंजाब के पानी का उपयोग कैसे कर रहा है। उन्होंने बताया कि राजस्थान की ओर रॉयल्टी के रूप में करीब 1.44 लाख करोड़ रुपये बकाया हैं। उन्होंने कहा कि रावी और ब्यास नदियों के पानी में राजस्थान और हरियाणा का कोई हिस्सा नहीं बनता।
विज्ञापन

मुख्यमंत्री ने बताया कि उनकी सरकार राज्य के सिंचाई ढांचे को मजबूत कर रही है। पिछले चार वर्षों में नहरी पानी की पहुंच खेतों में 22 प्रतिशत से बढ़ाकर 80 प्रतिशत तक की गई है और 14,000 किलोमीटर लंबी पाइपलाइनें बिछाई गई हैं। पानी के संदर्भ में आए प्रस्तावों पर बोलते हुए सीएम मान ने कहा कि पंजाब अब अपने कीमती जल संसाधनों के वितरण में हो रहे अन्याय को बर्दाश्त नहीं करेगा। पानी राज्य का विषय है और हेडवर्क्स का नियंत्रण राज्यों के पास होता है। रावी-ब्यास के पानी पर हरियाणा के दावे पर सवाल उठाते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा का इस पानी पर अपना दावा करना बिल्कुल सही नहीं है। साथ ही, यमुना के पानी में पंजाब के जायज हिस्से को नजरअंदाज किया जा रहा है जबकि यमुना अविभाजित पंजाब का हिस्सा थी।
विज्ञापन

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने लगभग चार दशकों बाद कंडी नहर को पुनर्जीवित किया है और पठानकोट, अमृतसर तथा गुरदासपुर में आठ नई नहरें शुरू की हैं। उन्होंने कहा कि इन पहलों से सिंचाई की पहुंच में महत्वपूर्ण सुधार हुआ है। सरकार के प्रयासों से 60.80 लाख एकड़ क्षेत्र में सिंचाई की जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन


दशकों से हो रहा पंजाब का नुकसान
मुख्यमंत्री ने सदन में कहा कि दशकों से पंजाब के हितों को नुकसान पहुंच रहा है। उन्होंने बताया कि राज्य को वर्ष 1960 तक अपनी नदियों के पानी पर रॉयल्टी मिलती थी, जिसके बाद यह भुगतान पूरी तरह बंद हो गया। उन्होंने कहा कि पंजाब का अपनी नदियों के पानी की रॉयल्टी के रूप में 1.44 लाख करोड़ रुपये का जायज दावा बनता है। राजस्थान पंजाब से मुफ्त पानी प्राप्त कर रहा है और इसका उपयोग आर्थिक लाभ कमाने के लिए कर रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब के लोगों, विशेष रूप से किसानों ने देश का पेट भरने के लिए अथाह कुर्बानियां दी हैं। जब उनके अपने प्राकृतिक संसाधनों की बात आती है, तो उनके साथ किया गया भेदभाव स्वीकार नहीं किया जा सकता।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed