{"_id":"988443a48483f35da5787a5113c592a4","slug":"manpreet-piims-ceo-new-jalandhar","type":"story","status":"publish","title_hn":"मनप्रीत सिंह बने पिम्स के नए सीईओ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मनप्रीत सिंह बने पिम्स के नए सीईओ
अमर उजाला, जालंधर
Updated Mon, 13 Jan 2014 10:00 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पिम्स मेडिकल एंड एजूकेशन चेरिटेबल सोसाइटी के बोर्ड ऑफ गवर्नर्स की ओर से मनप्रीत सोहल को पिम्स का सीईओ नियुक्त किया गया है।
सोहल ने पंजाब यूनिवर्सिटी, चंडीगढ़ से लॉ की डिग्री प्राप्त की है और सिंगापुर मैनेजमेंट यूनिवर्सिटी से अस्पताल मैनेजमेंट का कोर्स किया है।
सोहल मैनेजमेंट क्षेत्र से पिछले 23 साल से जुड़े हुए हैं। इनमें से 12 साल का अनुभव देश के विभिन्न देशों के अस्पताल और स्वास्थ्य मामलों का है। उन्होंने अस्पतालों में परिवर्तन पर बड़े पैमाने पर काम किया है। इनमें हीरानंदानी अस्पताल नवीं मुंबई (एपीपी परियोजना), जीसाराम अस्पताल, नई दिल्ली उल्लेखनीय हैं।
इनकी अंतिम असाइनमेंट राहेजा अस्पताल मुंबई में बतौर सीईओ रही। सोहल ने बड़े संगठनों जैसे, एरिक्सन कम्यूनिकेशन, फोर्टिस और मोनटेरी इंडस्ट्रीज के साथ काम करने में महत्वपूर्ण विशेषज्ञता हासिल की है।
बोर्ड ऑफ गवर्नर्स ने सीईओ के रूप में मनप्रीत की नियुक्ति पर खुशी व्यक्त की है। वहीं सोहल ने कहा कि पिम्स का नेतृत्व करने के लिए चुने जाने पर उन्हें गर्व है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि मेडिकल कॉलेज और अस्पताल दोनों में प्रतिभाशाली डाक्टर, प्रोफेसर, सहयोगी स्टाफ, सेवाओं को बहाल करने और चिकित्सा उत्कृष्ट और संस्था के लिए संचालन के लिए और प्रशासनिक सहयोगियों के साथ काम करने के लिए प्रतिबद्ध हूं।
पिम्स के मेडिकल कॉलेज में बीते साल एमबीबीएस में दाखिले पर एमसीआई ने रोक लगा दी। जहां मेडिकल कॉलेज की स्िथिति डगमगाई हुई थी वहीं चिकित्सक-लेक्चरर से लेकर क्लास फोर कर्मी छह माह के पगार न मिलने के कारण हल्ला मचाए हुए थे। इस मामले में खुद सीएम प्रकाश सिंह बादल को दखलअंदाजी करनी पड़ी थी।
विज्ञापन
सोहल ने पंजाब यूनिवर्सिटी, चंडीगढ़ से लॉ की डिग्री प्राप्त की है और सिंगापुर मैनेजमेंट यूनिवर्सिटी से अस्पताल मैनेजमेंट का कोर्स किया है।
सोहल मैनेजमेंट क्षेत्र से पिछले 23 साल से जुड़े हुए हैं। इनमें से 12 साल का अनुभव देश के विभिन्न देशों के अस्पताल और स्वास्थ्य मामलों का है। उन्होंने अस्पतालों में परिवर्तन पर बड़े पैमाने पर काम किया है। इनमें हीरानंदानी अस्पताल नवीं मुंबई (एपीपी परियोजना), जीसाराम अस्पताल, नई दिल्ली उल्लेखनीय हैं।
इनकी अंतिम असाइनमेंट राहेजा अस्पताल मुंबई में बतौर सीईओ रही। सोहल ने बड़े संगठनों जैसे, एरिक्सन कम्यूनिकेशन, फोर्टिस और मोनटेरी इंडस्ट्रीज के साथ काम करने में महत्वपूर्ण विशेषज्ञता हासिल की है।
विज्ञापन
बोर्ड ऑफ गवर्नर्स ने सीईओ के रूप में मनप्रीत की नियुक्ति पर खुशी व्यक्त की है। वहीं सोहल ने कहा कि पिम्स का नेतृत्व करने के लिए चुने जाने पर उन्हें गर्व है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि मेडिकल कॉलेज और अस्पताल दोनों में प्रतिभाशाली डाक्टर, प्रोफेसर, सहयोगी स्टाफ, सेवाओं को बहाल करने और चिकित्सा उत्कृष्ट और संस्था के लिए संचालन के लिए और प्रशासनिक सहयोगियों के साथ काम करने के लिए प्रतिबद्ध हूं।
पिम्स के मेडिकल कॉलेज में बीते साल एमबीबीएस में दाखिले पर एमसीआई ने रोक लगा दी। जहां मेडिकल कॉलेज की स्िथिति डगमगाई हुई थी वहीं चिकित्सक-लेक्चरर से लेकर क्लास फोर कर्मी छह माह के पगार न मिलने के कारण हल्ला मचाए हुए थे। इस मामले में खुद सीएम प्रकाश सिंह बादल को दखलअंदाजी करनी पड़ी थी।