{"_id":"5f1ef6898ebc3e63d12894d6","slug":"five-dera-followers-get-bail-in-holy-form-theft-case-faridkot-news-pkl382746551","type":"story","status":"publish","title_hn":"बरगाड़ी कांड: एसआईटी को झटका, पावन स्वरूप चोरी मामले में 5 डेरा अनुयायियों को मिली जमानत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बरगाड़ी कांड: एसआईटी को झटका, पावन स्वरूप चोरी मामले में 5 डेरा अनुयायियों को मिली जमानत
Tue, 28 Jul 2020 02:30 PM IST
पंचकुला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फरीदकोट(पंजाब)
संवाद न्यूज एजेंसी, फरीदकोट(पंजाब)
Published by: पंचकुला ब्यूरो
Updated Tue, 28 Jul 2020 02:30 PM IST
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बरगाड़ी बेअदबी कांड से संबंधित तीन घटनाओं की जांच शुरू करने वाली पंजाब पुलिस की एसआईटी को सोमवार को एक बड़ा झटका लगा। जेएमआईसी सुरेश कुमार की अदालत ने गांव बुर्ज जवाहर सिंह वाला के गुरुद्वारा साहिब से पावन स्वरूप चोरी करने के आरोप में जेल में बंद डेरा सच्चा सौदा सिरसा के पांच अनुयायियों को जमानत पर रिहा करने के आदेश दे दिए।
इस केस में एसआईटी ने 7 डेरा अनुयायियों को गिरफ्तार किया था जिनमें से दो को पहले ही सीबीआई कोर्ट से जमानत मिली हुई है। चूंकि इस केस में एसआईटी ने डेरा की नेशनल कमेटी के तीन सदस्यों समेत डेरा सिरसा प्रमुख गुरमीत राम रहीम को भी नामजद किया हुआ है और उनकी गिरफ्तारी अभी बाकी है, ऐसे में आरोपियों को निचली अदालत से ही जमानत मिलने से एसआईटी को झटका लगा है।
जानकारी के अनुसार पंजाब पुलिस की एसआईटी ने कुछ दिन पहले ही बेअदबी मामलों से सम्बंधित घटनाओं में कार्रवाई कर एक जून 2015 को गांव बुर्ज जवाहर सिंह वाला के गुरुद्वारा साहिब से पावन स्वरूप चोरी मामले में 7 डेरा अनुयायियों को गिरफ्तार किया था। इनमें से सुखजिंदर सिंह व शक्ति सिंह को पहले से ही जमानत मिली हुई थी जबकि पुलिस रिमांड के बाद बाकी पांच आरोपी रणदीप सिंह, रणजीत सिंह, बलजीत सिंह, निशान सिंह व नरिन्द्र कुमार, इन दिनों न्यायिक हिरासत के चलते जेल में बंद है।
विज्ञापन
अपनी याचिका में उन पांचों डेरा अनुयायियों ने खुद को बेकसूर बताते हुए कहा कि उन्हें उक्त केस में झूठा फंसाया गया है और इस मामले में सीबीआई से भी उन्हें क्लीन चिट मिली हुई है। डेरा अनुयायियों ने कहा कि जेल में उनकी जान को भी खतरा है और ऐसे में उन्हें जमानत दी जाए। बचाव पक्ष के वकील विनोद कुमार मोंगा ने दावा किया कि असल में एसआईटी के पास इस केस में डेरा अनुयायियों के खिलाफ कोई सबूत ही नहीं है और उन्हें सीबीआई जांच के दौरान क्लीन चिट भी मिल चुकी है।
इसी तर्क व दलील के आधार पर अदालत ने उन्हें जमानत दी है। उन्होंने बताया कि डेरा अनुयायियों को एसआईटी के जांच करके चालान पेश करने की कार्रवाई के खिलाफ भी अदालत में चुनौती दी हुई है जिस पर 3 अगस्त को सुनवाई होनी है।
विज्ञापन
इस केस में एसआईटी ने 7 डेरा अनुयायियों को गिरफ्तार किया था जिनमें से दो को पहले ही सीबीआई कोर्ट से जमानत मिली हुई है। चूंकि इस केस में एसआईटी ने डेरा की नेशनल कमेटी के तीन सदस्यों समेत डेरा सिरसा प्रमुख गुरमीत राम रहीम को भी नामजद किया हुआ है और उनकी गिरफ्तारी अभी बाकी है, ऐसे में आरोपियों को निचली अदालत से ही जमानत मिलने से एसआईटी को झटका लगा है।
विज्ञापन
जानकारी के अनुसार पंजाब पुलिस की एसआईटी ने कुछ दिन पहले ही बेअदबी मामलों से सम्बंधित घटनाओं में कार्रवाई कर एक जून 2015 को गांव बुर्ज जवाहर सिंह वाला के गुरुद्वारा साहिब से पावन स्वरूप चोरी मामले में 7 डेरा अनुयायियों को गिरफ्तार किया था। इनमें से सुखजिंदर सिंह व शक्ति सिंह को पहले से ही जमानत मिली हुई थी जबकि पुलिस रिमांड के बाद बाकी पांच आरोपी रणदीप सिंह, रणजीत सिंह, बलजीत सिंह, निशान सिंह व नरिन्द्र कुमार, इन दिनों न्यायिक हिरासत के चलते जेल में बंद है।
विज्ञापन
अपनी याचिका में उन पांचों डेरा अनुयायियों ने खुद को बेकसूर बताते हुए कहा कि उन्हें उक्त केस में झूठा फंसाया गया है और इस मामले में सीबीआई से भी उन्हें क्लीन चिट मिली हुई है। डेरा अनुयायियों ने कहा कि जेल में उनकी जान को भी खतरा है और ऐसे में उन्हें जमानत दी जाए। बचाव पक्ष के वकील विनोद कुमार मोंगा ने दावा किया कि असल में एसआईटी के पास इस केस में डेरा अनुयायियों के खिलाफ कोई सबूत ही नहीं है और उन्हें सीबीआई जांच के दौरान क्लीन चिट भी मिल चुकी है।
इसी तर्क व दलील के आधार पर अदालत ने उन्हें जमानत दी है। उन्होंने बताया कि डेरा अनुयायियों को एसआईटी के जांच करके चालान पेश करने की कार्रवाई के खिलाफ भी अदालत में चुनौती दी हुई है जिस पर 3 अगस्त को सुनवाई होनी है।