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Jalandhar: गर्मी से बचने को पूल में कूदा 13 साल का माधव, नहीं आया बाहर, सीसीटीवी में नहीं दिखे लाइफ सेवर
Wed, 29 May 2024 02:42 PM IST
निवेदिता वर्मा
संवाद न्यूज एजेंसी, जालंधर (पंजाब)
संवाद न्यूज एजेंसी, जालंधर (पंजाब)
Published by: निवेदिता वर्मा
Updated Wed, 29 May 2024 02:42 PM IST
सार
रॉयल स्विमिंग पुल के मालिक बलजीत सिंह उर्फ लड्डू ने कहा कि वह खुद भी स्विमिंग जानते हैं। उन्होंने कोच भी रखे हुए हैं। शाम 6 बजे पूल बंद कर दिया गया था। 6.07 पर बच्चे ने छलांग लगाई है। इससे पहले कई बार उसे बाहर आने के लिए कहा गया था।
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माधव
- फोटो : फाइल
विस्तार
जालंधर वेस्ट इलाके में गर्मी से राहत पाने के लिए रॉयल स्विमिंग पूल में नहाने गए 13 वर्षीय बच्चे की मंगलवार शाम डूबने से मौत हो गई। मृतक की पहचान बस्ती दानिशमंदा कॉलोनी में रहने माधव (13) के रूप में हुई है।
जानकारी के मुताबिक जब बच्चा घर नहीं पहुंचा तो परिजन उसे ढूंढते हुए स्विमिंग पूल में पहुंचे। वहां लगे सीसीटीवी कैमरे चेक किए तो बच्चे के डूबने का खुलासा हुआ। मृतक के पिता भीम बहादुर ने बताया कि वह मूल रूप से नेपाल के रहने वाले हैं। जालंधर में वह दानिशमंदा कॉलोनी में रहते हैं। उसका बेटा माधव (13) मंगलवार शाम को 4 दोस्तों के साथ सन सिटी कॉलोनी स्थित रॉयल स्विमिंग पूल में नहाने के लिए गया था। रात 9 बजे तक माधव घर नहीं आया तो परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की। सबसे पहले आसपास के लोगों से पूछताछ की उसके बाद माधव के दोस्तों से मिले तो पता चला कि सभी मिलकर पूल में नहाने गए थे। इसके बाद परिवार के लोग उसे ढूंढते हुए स्विमिंग पूल तक पहुंचे।
शक होने पर परिवार के लोगों ने पूल में लगे सीसीटीवी कैमरे चेक किए। सीसीटीवी के मुताबिक शाम 6 बजकर 7 मिनट पर माधव ने स्विमिंग पूल में आखिरी छलांग लगाई थी। इसके बाद वह बाहर नहीं आया। परिजनों ने पूल में तलाश की तो माधव बेसुध हालत में मिला। इसके तुरंत बाद उसे अस्पताल में ले जाया गया। वहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। उधर बच्चे की मौत की सूचना पर पहुंची थाना लांबड़ा पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सिविल अस्पताल में रखवा दिया। उसके बाद परिवार के बयान दर्ज किए।
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पारिवारिक सदस्यों ने रोते हुए कहा कि यह पूल नहीं है मौत का कुआं है जहां उसके बेटे की बलि चढ़ गई। यहां पूल तो है पर डूबने वाले को बचाने के लिए लाइफ सेवर नहीं है वरना उनका बेटा जिंदा होता।
इस संबंध में जब रॉयल स्विमिंग पुल के मालिक बलजीत सिंह उर्फ लड्डू से बातचीत की तो उन्होंने कहा कि वह खुद भी स्विमिंग जानते हैं। उन्होंने कोच भी रखे हुए हैं। शाम 6 बजे पूल बंद कर दिया गया था। 6.07 पर बच्चे ने छलांग लगाई है। इससे पहले कई बार उसे बाहर आने के लिए कहा गया था। लेकिन सीसीटीवी में साफ दिख रहा है जब कई बच्चे पूल में छलांग मार रहे हैं तो वहां न तो कोई कोच है और न ही कोई लाइफ गार्ड, ये सीधे बच्चों को मौत के मुंह में धकेल रहे हैं। लाइफ गार्ड तो छोड़िए, संचालकों ने अन्य मानकों को भी पूरा नहीं किया है। वहीं जालंधर वेस्ट में सिर्फ गड्ढा खोदकर स्विमिंग पूल चल रहा है इसके बारे में जिला प्रशासन को भी कोई जानकारी नहीं थी। फिलहाल पुलिस ने परिजनों के बयानों पर 174 की कार्रवाई की है।
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जानकारी के मुताबिक जब बच्चा घर नहीं पहुंचा तो परिजन उसे ढूंढते हुए स्विमिंग पूल में पहुंचे। वहां लगे सीसीटीवी कैमरे चेक किए तो बच्चे के डूबने का खुलासा हुआ। मृतक के पिता भीम बहादुर ने बताया कि वह मूल रूप से नेपाल के रहने वाले हैं। जालंधर में वह दानिशमंदा कॉलोनी में रहते हैं। उसका बेटा माधव (13) मंगलवार शाम को 4 दोस्तों के साथ सन सिटी कॉलोनी स्थित रॉयल स्विमिंग पूल में नहाने के लिए गया था। रात 9 बजे तक माधव घर नहीं आया तो परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की। सबसे पहले आसपास के लोगों से पूछताछ की उसके बाद माधव के दोस्तों से मिले तो पता चला कि सभी मिलकर पूल में नहाने गए थे। इसके बाद परिवार के लोग उसे ढूंढते हुए स्विमिंग पूल तक पहुंचे।
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शक होने पर परिवार के लोगों ने पूल में लगे सीसीटीवी कैमरे चेक किए। सीसीटीवी के मुताबिक शाम 6 बजकर 7 मिनट पर माधव ने स्विमिंग पूल में आखिरी छलांग लगाई थी। इसके बाद वह बाहर नहीं आया। परिजनों ने पूल में तलाश की तो माधव बेसुध हालत में मिला। इसके तुरंत बाद उसे अस्पताल में ले जाया गया। वहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। उधर बच्चे की मौत की सूचना पर पहुंची थाना लांबड़ा पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सिविल अस्पताल में रखवा दिया। उसके बाद परिवार के बयान दर्ज किए।
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पारिवारिक सदस्यों ने रोते हुए कहा कि यह पूल नहीं है मौत का कुआं है जहां उसके बेटे की बलि चढ़ गई। यहां पूल तो है पर डूबने वाले को बचाने के लिए लाइफ सेवर नहीं है वरना उनका बेटा जिंदा होता।
इस संबंध में जब रॉयल स्विमिंग पुल के मालिक बलजीत सिंह उर्फ लड्डू से बातचीत की तो उन्होंने कहा कि वह खुद भी स्विमिंग जानते हैं। उन्होंने कोच भी रखे हुए हैं। शाम 6 बजे पूल बंद कर दिया गया था। 6.07 पर बच्चे ने छलांग लगाई है। इससे पहले कई बार उसे बाहर आने के लिए कहा गया था। लेकिन सीसीटीवी में साफ दिख रहा है जब कई बच्चे पूल में छलांग मार रहे हैं तो वहां न तो कोई कोच है और न ही कोई लाइफ गार्ड, ये सीधे बच्चों को मौत के मुंह में धकेल रहे हैं। लाइफ गार्ड तो छोड़िए, संचालकों ने अन्य मानकों को भी पूरा नहीं किया है। वहीं जालंधर वेस्ट में सिर्फ गड्ढा खोदकर स्विमिंग पूल चल रहा है इसके बारे में जिला प्रशासन को भी कोई जानकारी नहीं थी। फिलहाल पुलिस ने परिजनों के बयानों पर 174 की कार्रवाई की है।