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‘लाल’ की शहादत को बीमार मां से छुपा रहा बड़ा भाई
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भुलत्थ(कपूरथला)। श्रीनगर के पुंछ में आतंकवादियों से लोहा लेते हुए शहादत का जाम पीने वाले नायब सूबेदार जसविंदर सिंह की बीमार मां ‘लाल’ के देश पर न्यौछावर हो जाने से अनजान है। शहीद जसविंदर सिंह कस्बा भुलत्थ के गांव माना तलवंडी के उस खानदान से संबंध रखते हैं, जिनका परिवार मातृ भूमि की रक्षा के लिए आगे रहा है।
परिवार दो माह पहले कैप्टन पिता हरभजन सिंह की कोरोना के चलते मौत के गम से उबरा नहीं था कि जसविंदर की शहादत की खबर आ गई। ऐसे में पूर्व फौजी बड़े भाई राजिंदर सिंह किसी को घर आने से पहले ही बाहर गली में ही रोक रहा कि कहीं मां को छोटे भाई जसविंदर सिंह की शहादत के बारे में पता न चल जाए।
कैप्टन हरभजन सिंह के दोनों बेटे राजिंदर सिंह व जसविंदर सिंह फौज में हैं। बड़ा बेटा राजिंदर सिंह फौज से रिटायर है और छोटा बेटा जसविंदर सिंह आतंकवादियों से लोहा लेते हुए सोमवार को शहीद हो गया है। राजिंदर सिंह इस द्वंद से जूझ रहे हैं कि वह शहादत की खबर मां और जसविंदर सिंह की पत्नी सुखप्रीत कौर, 13 वर्षीय बेटे विक्रमजीत सिंह और 11 वर्षीय बेटी हरनूर को कैसे बताई जाये।
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राजिंदर सिंह ने सुखप्रीत कौर को तो बस यहीं बताया कि जसविंदर सिंह जख्मी है। पठानकोट में उसका इलाज चल रहा है। जबकि बिमार मां पूरे घटनाक्रम से अनजान है। शहीद जसविंदर सिंह के मामा रिटायर्ड सूबेदार गुरनरमिंदर सिंह ने बताया कि कपूरथला हेडक्वार्टर की रेजीमेंट को शहादत की जानकारी दे दी गई है। मंगलवार की शाम तक जसविंदर सिंह का पार्थिव शरीर गांव पहुंचने की उम्मीद है।
नायब सूबेदार जसविंदर सिंह की पुंछ में आतंकवादियों के हमले में शहादत पर सीएम पंजाब चरणजीत सिंह चन्नी ने परिवार को 50 लाख रुपये व परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने की घोषणा की है। मुख्यमंत्री चरनजीत सिंह चन्नी ने कहा कि पंजाब सरकार शहीद परिवार के दुख में साथ खड़ी है।
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परिवार दो माह पहले कैप्टन पिता हरभजन सिंह की कोरोना के चलते मौत के गम से उबरा नहीं था कि जसविंदर की शहादत की खबर आ गई। ऐसे में पूर्व फौजी बड़े भाई राजिंदर सिंह किसी को घर आने से पहले ही बाहर गली में ही रोक रहा कि कहीं मां को छोटे भाई जसविंदर सिंह की शहादत के बारे में पता न चल जाए।
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कैप्टन हरभजन सिंह के दोनों बेटे राजिंदर सिंह व जसविंदर सिंह फौज में हैं। बड़ा बेटा राजिंदर सिंह फौज से रिटायर है और छोटा बेटा जसविंदर सिंह आतंकवादियों से लोहा लेते हुए सोमवार को शहीद हो गया है। राजिंदर सिंह इस द्वंद से जूझ रहे हैं कि वह शहादत की खबर मां और जसविंदर सिंह की पत्नी सुखप्रीत कौर, 13 वर्षीय बेटे विक्रमजीत सिंह और 11 वर्षीय बेटी हरनूर को कैसे बताई जाये।
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राजिंदर सिंह ने सुखप्रीत कौर को तो बस यहीं बताया कि जसविंदर सिंह जख्मी है। पठानकोट में उसका इलाज चल रहा है। जबकि बिमार मां पूरे घटनाक्रम से अनजान है। शहीद जसविंदर सिंह के मामा रिटायर्ड सूबेदार गुरनरमिंदर सिंह ने बताया कि कपूरथला हेडक्वार्टर की रेजीमेंट को शहादत की जानकारी दे दी गई है। मंगलवार की शाम तक जसविंदर सिंह का पार्थिव शरीर गांव पहुंचने की उम्मीद है।
नायब सूबेदार जसविंदर सिंह की पुंछ में आतंकवादियों के हमले में शहादत पर सीएम पंजाब चरणजीत सिंह चन्नी ने परिवार को 50 लाख रुपये व परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने की घोषणा की है। मुख्यमंत्री चरनजीत सिंह चन्नी ने कहा कि पंजाब सरकार शहीद परिवार के दुख में साथ खड़ी है।