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प्रतिबंध के बावजूद नशीली दवाएं बेचीं
अमर उजाला, जालंधर
Updated Fri, 08 Nov 2013 11:04 PM IST
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पटियाला की राजपुरा पुलिस टीम ने एसपी भूपिंदर सिंह के नेतृत्व में शुक्रवार को जालंधर में सहगल संस पर छापामारी की और वहां से रिकार्ड जब्त किया।
सहगल संस के पास वॉकहार्ड की कंपनी की एजेंसी है, जिसके कैप्सूल व सिरप नशे के लिए भी इस्तेमाल होते हैं। टीम ने सुबह 11 बजे सहगल संस के न्यू जवाहर नगर इलाके में दबिश दी। वहां कंपनी का गोदाम है। इसके मालिक अजय सहगल मौके पर नहीं मिले। एसपी भूपिंदर सिंह ने बताया कि पुलिस ने ड्रग रेकेट पर शिकंजा कसने के लिए जांच शुरू की थी।
इसमें पाया गया कि कंपनी के प्रॉक्सिवन के साल्ट की दवाओं पर भारत सरकार ने 23 मई 2013 को प्रतिबंध लगा दिया था। पर जांच में आया कि इस कंपनी के गोदाम से 23 मई से लेकर 10 जून तक 44 लाख की नशीली दवाएं बेची गईं। इस कारण अजय सहगल को केस में नामजद कर लिया गया।
जांच में यह सामने आया कि अधिकतर ये दवाएं नेवी मेडिकल सेंटर को भेजी गई थीं, जिसके मालिक सुरजीत सिंह टिक्का, बेटे निशान सिंह व दलीप सिंह को भी केस में नामजद किया गया है। इसके अलावा सहगल संस की एजेंसी से एसजी ट्रेडर्स कपूरथला के अलावा गगरेट हिमाचल स्थित सिंधी विनायक एजेंसी को दवाएं भेजी गई थीं। इन थोक विक्रेताओं को केस में नामजद कर लिया गया है।
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पुलिस ने सहगल संस के कार्यालय से कंप्यूटर व अन्य रिकार्ड को कब्जे में ले लिया है। इसमें कई थोक विक्रेताओं का लेखा-जोखा पुलिस को मिला है।
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सहगल संस के पास वॉकहार्ड की कंपनी की एजेंसी है, जिसके कैप्सूल व सिरप नशे के लिए भी इस्तेमाल होते हैं। टीम ने सुबह 11 बजे सहगल संस के न्यू जवाहर नगर इलाके में दबिश दी। वहां कंपनी का गोदाम है। इसके मालिक अजय सहगल मौके पर नहीं मिले। एसपी भूपिंदर सिंह ने बताया कि पुलिस ने ड्रग रेकेट पर शिकंजा कसने के लिए जांच शुरू की थी।
इसमें पाया गया कि कंपनी के प्रॉक्सिवन के साल्ट की दवाओं पर भारत सरकार ने 23 मई 2013 को प्रतिबंध लगा दिया था। पर जांच में आया कि इस कंपनी के गोदाम से 23 मई से लेकर 10 जून तक 44 लाख की नशीली दवाएं बेची गईं। इस कारण अजय सहगल को केस में नामजद कर लिया गया।
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जांच में यह सामने आया कि अधिकतर ये दवाएं नेवी मेडिकल सेंटर को भेजी गई थीं, जिसके मालिक सुरजीत सिंह टिक्का, बेटे निशान सिंह व दलीप सिंह को भी केस में नामजद किया गया है। इसके अलावा सहगल संस की एजेंसी से एसजी ट्रेडर्स कपूरथला के अलावा गगरेट हिमाचल स्थित सिंधी विनायक एजेंसी को दवाएं भेजी गई थीं। इन थोक विक्रेताओं को केस में नामजद कर लिया गया है।
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पुलिस ने सहगल संस के कार्यालय से कंप्यूटर व अन्य रिकार्ड को कब्जे में ले लिया है। इसमें कई थोक विक्रेताओं का लेखा-जोखा पुलिस को मिला है।