{"_id":"663cc0df9935d279a1066a1f","slug":"eighteen-cattle-died-after-drinking-water-from-fields-in-punjab-condition-of-more-than-seven-is-critical-2024-05-09","type":"story","status":"publish","title_hn":"Punjab: खेत में पानी पीने से 18 मवेशियों की मौत, सात से अधिक की हालत गंभीर; सरकार से मुआवजे की मांग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Punjab: खेत में पानी पीने से 18 मवेशियों की मौत, सात से अधिक की हालत गंभीर; सरकार से मुआवजे की मांग
Thu, 09 May 2024 05:56 PM IST
नवीन दलाल
संवाद न्यूज एजेंसी, संगरूर (पंजाब)
संवाद न्यूज एजेंसी, संगरूर (पंजाब)
Published by: नवीन दलाल
Updated Thu, 09 May 2024 05:56 PM IST
सार
पीड़ितों ने बताया कि वह अपनी 32 भैंसों को लेकर गांव संघरेड़ी से गांव कपियाल आने वाली सड़क पर चराने आए तो उन्होंने अपनी भैंसों को पानी पिलाया। जिसके बाद देखते ही देखते वे एक-एक करके गिरने लगीं जमीन और भैंसें मर गईं।
विज्ञापन
पीड़ित
- फोटो : संवाद
विस्तार
पंजाब के संगरूर में भवानीगढ़ के नजदीकी गांव संघरेड़ी के पास बुधवार को खेत में पानी पीने से 18 भैंसों की अचानक तबीयत बिगड़ने से मौत हो गई और आधा दर्जन से अधिक की हालत गंभीर बताई जा रही है।
विज्ञापन
गुज्जर समुदाय से संबंधित मूसा खान और गामा खान ने बताया कि वे हिमाचल प्रदेश के मूल निवासी हैं और पंजाब के संगरूर जिले के धूरी के पास धूरा गांव में अपने डेरे में करीब 25-30 साल से रह रहे हैं। उन्होंने बताया कि वह पशु पालन करते हैं और दूध बेचकर अपना गुजारा करते हैं। उन्होंने कहा कि वे अपने मवेशियों को चराने के लिए अलग-अलग गांवों में ले जाते हैं और खुले स्थानों पर अपने मवेशियों को चराते हैं।
विज्ञापन
जिसके चलते आज भी वे अपनी 32 भैंसों को लेकर गांव संघरेड़ी से गांव कपियाल आने वाली सड़क पर चराने आए तो उन्होंने अपनी भैंसों को पानी पिलाया तो देखते ही देखते वे एक-एक करके गिरने लगीं जमीन और भैंसें मर गईं।
विज्ञापन
उन्होंने बताया कि इस घटना में मूसा खान की 12 भैंसें और गामा खान की 6 भैंसें मर गईं और दोनों व्यक्तियों की 7 से अधिक भैंसों की हालत अभी भी गंभीर बनी हुई है। उन्होंने बताया कि एक भैंस की कीमत एक लाख रुपये से ज्यादा है। इस तरह उन्हें लाखों रुपये का नुकसान हुआ है। उन्होंने कहा कि सभी भैंसें दूध देती थीं। उन्होंने पंजाब सरकार से मांग की कि इस नुकसान के लिए उन्हें मुआवजा दिया जाए।
मौके पर पहुंचे तहसीलदार भवानीगढ़ सुरिंदरपाल पन्नू और गगनदीप सिंह वेटरनरी इंस्पेक्टर घराचों ने कहा कि मृत भैंसों का पोस्टमॉर्टम करवाया जाएगा और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही भैंसों की मौत के असली कारणों का पता चल पाएगा। उन्होंने संदेह जताया कि पानी जहरीला हो सकता है, जिसकी भी जांच की जाएगी।