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सिविल अस्पताल का डॉक्टर रिश्वत लेते काबू
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सिविल अस्पताल गुरदासपुर में तैनात डॉक्टर मंजीत सिंह बब्बर को विजिलेंस विभाग गुरदासपुर की टीम ने 20 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपी डॉक्टर के खिलाफ विजिलेंस मुख्यालय अमृतसर में केस दर्ज कर उसे वहां ले जाया गया है।
डीएसपी विजिलेंस कंवलदीप कौर के मुताबिक अमरीक सिंह निवासी गांव भिट्ठेविंड (कादियां) की शिकायत पर यह कार्रवाई की गई है। अमरीक सिंह ने विजिलेंस को दी गई शिकायत में बताया था वह खेतीबाड़ी का काम करता है। उसका हरदेव सिंह सिंह निवासी गांव पसनवाल के साथ रंजिश के चलते झगड़ा हुआ था। हरदेव ने जाली चोट लगा कर सिविल अस्पताल गुरदासपुर में डाक्टरों के बोर्ड के पास से मेडिकल लीगल रिपोर्ट पर मेरे और मेरे भाई रजिंदर सिंह के खिलाफ आईपीसी धारा 326 का रिजल्ट हासिल कर लिया। इस पर अमरीक सिंह ने मेडिकल लीगल रिपोर्ट को रिव्यू करने के लिए सिविल सर्जन गुरदासपुुर को शिकायत दी।
इस संबंधी एसएमओ ने डाक्टरों का बोर्ड बनाया। इसके बाद अमरीक सिंह बीती 3 फरवरी को बोर्ड के सदस्य मंजीत सिंह बब्बर से मिला, जिन्होंने कहा कि कार्रवाई उन्हीं की ओर से की जानी है, जिसके बदले उन्होंने 30 हजार रुपये की मांग की। बात 20 हजार रुपए पर तय हुई। अमरीक सिंह रिश्वत से काम नही करवाना चाहता था, जिसके चलते वह 2000 हजार रुपये के 10 नोट लेकर डीएसपी विजिलेंस गुरदासपुर कंवलदीप कौर के पास चले गए। डीएसपी विजिलेंस कंवलदीप कौर ने बताया कि डॉक्टर मंजीत सिंह बब्बर को सरकारी गवाह बागबानी विकास अफसर सुखपाल सिंह संधू व कर एवं आबकारी विभाग बटाला के हीरा लाल के सामने 20 हजार रुपये की रिश्वत लेते गिरफ्तार किया गया है। डॉक्टर बब्बर के खिलाफ अमृतसर रेंज में मामला दर्ज कर लिया है। उन्हें गिरफ्तार कर अमृतसर रेंज ले जाया गया है।
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डीएसपी विजिलेंस कंवलदीप कौर के मुताबिक अमरीक सिंह निवासी गांव भिट्ठेविंड (कादियां) की शिकायत पर यह कार्रवाई की गई है। अमरीक सिंह ने विजिलेंस को दी गई शिकायत में बताया था वह खेतीबाड़ी का काम करता है। उसका हरदेव सिंह सिंह निवासी गांव पसनवाल के साथ रंजिश के चलते झगड़ा हुआ था। हरदेव ने जाली चोट लगा कर सिविल अस्पताल गुरदासपुर में डाक्टरों के बोर्ड के पास से मेडिकल लीगल रिपोर्ट पर मेरे और मेरे भाई रजिंदर सिंह के खिलाफ आईपीसी धारा 326 का रिजल्ट हासिल कर लिया। इस पर अमरीक सिंह ने मेडिकल लीगल रिपोर्ट को रिव्यू करने के लिए सिविल सर्जन गुरदासपुुर को शिकायत दी।
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इस संबंधी एसएमओ ने डाक्टरों का बोर्ड बनाया। इसके बाद अमरीक सिंह बीती 3 फरवरी को बोर्ड के सदस्य मंजीत सिंह बब्बर से मिला, जिन्होंने कहा कि कार्रवाई उन्हीं की ओर से की जानी है, जिसके बदले उन्होंने 30 हजार रुपये की मांग की। बात 20 हजार रुपए पर तय हुई। अमरीक सिंह रिश्वत से काम नही करवाना चाहता था, जिसके चलते वह 2000 हजार रुपये के 10 नोट लेकर डीएसपी विजिलेंस गुरदासपुर कंवलदीप कौर के पास चले गए। डीएसपी विजिलेंस कंवलदीप कौर ने बताया कि डॉक्टर मंजीत सिंह बब्बर को सरकारी गवाह बागबानी विकास अफसर सुखपाल सिंह संधू व कर एवं आबकारी विभाग बटाला के हीरा लाल के सामने 20 हजार रुपये की रिश्वत लेते गिरफ्तार किया गया है। डॉक्टर बब्बर के खिलाफ अमृतसर रेंज में मामला दर्ज कर लिया है। उन्हें गिरफ्तार कर अमृतसर रेंज ले जाया गया है।
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