{"_id":"e640ba9eee655b8925f6643101745c1d","slug":"amritsar-sgpc-investigation-sub-commitee-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"जांच के लिए एसजीपीसी ने बनाई सब कमेटी ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जांच के लिए एसजीपीसी ने बनाई सब कमेटी
ब्यूरो/अमर उजाला, अमृतसर
Updated Sat, 14 Nov 2015 09:53 PM IST
विज्ञापन
पंथक संगठन की ओर से सरबत खालसा बुलाए जाने के बाद अगले दिन दिवाली पर श्री हरमंदिर साहिब परिसर में हुई घटनाओं की जांच के लिए एसजीपीसी ने एक सब कमेटी गठित कर दी है।
यह सब कमेटी सारे मामले की जांच करके 15 दिन में अपनी रिपोर्ट पेश करेगी। सब कमेटी यह रिपोर्ट एसजीपीसी अध्यक्ष को सौंपेगी। रिपोर्ट के अनुसार अगली कार्रवाई होगी।
कमेटी में एसजीपीसी की आंतरिक कमेटी के सदस्यों रजिंदर सिंह मेहता, मोहन सिंह बंगी, निर्मल सिंह जौला और अवतार सिंह सचिव एसजीपीसी को शामिल किया गया है।
दस नवंबर को पंथक संगठनों की ओर से सरबत खालसा बुलाकर वहां तीन तख्तों के जत्थेदारों की निुयक्तियां कर दी गई थी।
इसी के चलते अगले दिन 11 नवंबर को सरबत खालसा की ओर से नियुक्त किए गए श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार ध्यान सिह मंड अपने साथियों के साथ श्री हरमंदिर साहिब परिसर पहुंच गए थे।
विज्ञापन
उन्होंने दरबार साहिब में माथा टेका, कड़ाह प्रसाद की देग करवाई और श्री अकाल तख्त साहिब के बाहर से कौम के नाम संदेश भी पढ़ा।
चर्चा थी कि मंड के श्री हरमंदिर साहिब परिसर के अंदर दाखिल होने और सभी कामों को आसानी से अंजाम देने के पीछे एसजीपीसी के ही कुछ सदस्यों, कर्मचारियों और धर्मप्रचार कमेटी आदि विंग के कर्मचारियों की मिलीभगत थी।
यह मिलीभगत किस की थी, इसी की जांच के लिए एसजीपीसी अध्यक्ष अवतार सिंह मक्कड़ के आदेशों पर यह सब कमेटी बनाई गई है।
विज्ञापन
यह सब कमेटी सारे मामले की जांच करके 15 दिन में अपनी रिपोर्ट पेश करेगी। सब कमेटी यह रिपोर्ट एसजीपीसी अध्यक्ष को सौंपेगी। रिपोर्ट के अनुसार अगली कार्रवाई होगी।
विज्ञापन
कमेटी में एसजीपीसी की आंतरिक कमेटी के सदस्यों रजिंदर सिंह मेहता, मोहन सिंह बंगी, निर्मल सिंह जौला और अवतार सिंह सचिव एसजीपीसी को शामिल किया गया है।
दस नवंबर को पंथक संगठनों की ओर से सरबत खालसा बुलाकर वहां तीन तख्तों के जत्थेदारों की निुयक्तियां कर दी गई थी।
इसी के चलते अगले दिन 11 नवंबर को सरबत खालसा की ओर से नियुक्त किए गए श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार ध्यान सिह मंड अपने साथियों के साथ श्री हरमंदिर साहिब परिसर पहुंच गए थे।
विज्ञापन
उन्होंने दरबार साहिब में माथा टेका, कड़ाह प्रसाद की देग करवाई और श्री अकाल तख्त साहिब के बाहर से कौम के नाम संदेश भी पढ़ा।
चर्चा थी कि मंड के श्री हरमंदिर साहिब परिसर के अंदर दाखिल होने और सभी कामों को आसानी से अंजाम देने के पीछे एसजीपीसी के ही कुछ सदस्यों, कर्मचारियों और धर्मप्रचार कमेटी आदि विंग के कर्मचारियों की मिलीभगत थी।
यह मिलीभगत किस की थी, इसी की जांच के लिए एसजीपीसी अध्यक्ष अवतार सिंह मक्कड़ के आदेशों पर यह सब कमेटी बनाई गई है।