फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Punjab ›   Amritsar News ›   शहीद तो देश के ही होते हैं, प्रांत के नहीं :चावला

शहीद तो देश के ही होते हैं, प्रांत के नहीं :चावला

Sun, 18 Nov 2012 12:00 PM IST
Amritsar
Amritsar Updated Sun, 18 Nov 2012 12:00 PM IST
विज्ञापन
अमृतसर। पूर्व सेहत मंत्री लक्ष्मीकांता चावला ने कहा कि मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल ने केंद्र सरकार को पत्र लिखा है कि करतार सिंह सराभा को राष्ट्रीय शहीद का दर्जा दिया जाए, क्योंकि उसने देश के लिए बलिदान किया था। हम सब तो शहीद सराभा को भारत का शहीद ही मानते हैं, न जाने क्यों सीएम ने उन्हें राष्ट्रीय शहीद बनाने की बात कही।
विज्ञापन

एक बयान में चावला ने कहा कि बादल से प्रश्न है कि शहीद मदनलाल ढींगरा के विषय में उनका क्या विचार है, उसे जनता के सामने रखें। पंजाब का और भारत का पहला व्यक्ति जिसने अपना भविष्य, वर्तमान और जीवन दांव पर लगाकर भारत मां की स्वतंत्रता के लिए तख्ते लंदन तक जाकर भारतीय तेग का जौहर दिखाया और पैटन विले जेल में श्रीमद् भगवत गीता हाथ में लेकर वंदेमातरम कहता हुआ फांसी पर चढ़ गया और ईश्वर से यह मांगा कि अगले जन्म में भी भारत में उसी माता के गर्भ से जन्म ले और देश के लिए तब तक बलिदान देता रहे जब तक भारत स्वतंत्र नहीं हो जाता।
विज्ञापन

मेरे विश्वास अनुसार शहीदों को किसी से प्रमाण पत्र लेने की आवश्यकता नहीं होती। भारत की स्वतंत्रता ही उनका प्रमाण पत्र है। बादल को यह बताना होगा कि सरकार ने अमृतसर में शहीद ढींगरा के जन्म स्थान को स्मारक बनाने से इंकार क्यों किया? क्या इसलिए कि उन्हें पंजाब और केंद्र सरकार द्वारा शहीदी का सर्टिफिकेट नहीं मिला?
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed