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एसजीपीसी लंगर पर जीएसटी लगाने पर केन्द्र सरकार से क्यों नहीं मिलती - सांसद
Updated Sat, 22 Jul 2017 10:27 PM IST
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लंगर के नाम पर राजनीति न करे एसजीपीसी : औंजला
कहा, कांग्रेस लंगर पर जीएसटी के विरोध में
अमर उजाला ब्यूरो
अमृतसर।
सांसद गुरजीत सिंह औंजला ने कहा है कि शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (एसजीपीसी) श्री हरमंदिर साहिब समेत देश के प्रत्येक धार्मिक स्थलों पर लगाए जाने वाले लंगर को लेकर केवल राजनीति कर रही है। एसजीपीसी प्रधान प्रोफेसर किरपाल सिंह बंडूगर रोजाना मीडिया में बयान जारी कर रहे हैं, लेकिन महज बयान से काम नहीं चलने वाला है। आखिर एसजीपीसी क्यों नहीं केंद्र सरकार से इस बाबत मिलकर मुद्दा उठाती।
सांसद ने शनिवार को अपने बयान में कहा कि कांग्रेस खुद लंगर पर जीएसटी लागू के खिलाफ है। इस बाबत मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह केंद्र सरकार से बातचीत कर रहे हैं। पंजाब के वित्त मंत्री मनप्रीत बादल के नेतृत्व में पंजाब सरकार ने देश के वित्त मंत्री अरुण जेटली के सामने लिखित तौर पर यह मुद्दा उठाया। कांग्रेस नहीं चाहती कि गुरुघरों के लंगरों या किसी भी धार्मिक स्थानों पर बांटे जाने वाले लंगरों पर जीएसटी लागू हो।
सांसद गुरजीत सिंह औंजला ने कहा कि एसजीपीसी के प्रधान ने पिछले दिनों पहले बयान दिया था कि जीएसटी लागू होने से लंगर पर सालाना दस करोड़ का बोझ बड़ेगा। उन्हें समझना चाहिए कि लंगर की परंपरा बाबा नानक ने शुरू की, लंगर बोझ नहीं होता। ऐसे में एसजीपीसी को समझना चाहिए कि ऐसे बयान जारी करे, ताकि वह हर वर्ग के हित में हो। लंगर की समयावधि कम किए जाने का बयान पहले एसजीपीसी प्रधान ने दिया और बाद में खंडन भी किया। उन्हें समझना चाहिए कि एसजीपीसी धार्मिक संस्था है और धर्म के लिए काम करती है। भड़काऊ भाषण देकर धर्म के नाम पर लड़ाना एसजीपीसी को अब छोड़ देना चाहिए। सूबे में कैप्टन सरकार हर धर्म की इज्जत दिल से करती है।
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कहा, कांग्रेस लंगर पर जीएसटी के विरोध में
अमर उजाला ब्यूरो
अमृतसर।
सांसद गुरजीत सिंह औंजला ने कहा है कि शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (एसजीपीसी) श्री हरमंदिर साहिब समेत देश के प्रत्येक धार्मिक स्थलों पर लगाए जाने वाले लंगर को लेकर केवल राजनीति कर रही है। एसजीपीसी प्रधान प्रोफेसर किरपाल सिंह बंडूगर रोजाना मीडिया में बयान जारी कर रहे हैं, लेकिन महज बयान से काम नहीं चलने वाला है। आखिर एसजीपीसी क्यों नहीं केंद्र सरकार से इस बाबत मिलकर मुद्दा उठाती।
सांसद ने शनिवार को अपने बयान में कहा कि कांग्रेस खुद लंगर पर जीएसटी लागू के खिलाफ है। इस बाबत मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह केंद्र सरकार से बातचीत कर रहे हैं। पंजाब के वित्त मंत्री मनप्रीत बादल के नेतृत्व में पंजाब सरकार ने देश के वित्त मंत्री अरुण जेटली के सामने लिखित तौर पर यह मुद्दा उठाया। कांग्रेस नहीं चाहती कि गुरुघरों के लंगरों या किसी भी धार्मिक स्थानों पर बांटे जाने वाले लंगरों पर जीएसटी लागू हो।
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सांसद गुरजीत सिंह औंजला ने कहा कि एसजीपीसी के प्रधान ने पिछले दिनों पहले बयान दिया था कि जीएसटी लागू होने से लंगर पर सालाना दस करोड़ का बोझ बड़ेगा। उन्हें समझना चाहिए कि लंगर की परंपरा बाबा नानक ने शुरू की, लंगर बोझ नहीं होता। ऐसे में एसजीपीसी को समझना चाहिए कि ऐसे बयान जारी करे, ताकि वह हर वर्ग के हित में हो। लंगर की समयावधि कम किए जाने का बयान पहले एसजीपीसी प्रधान ने दिया और बाद में खंडन भी किया। उन्हें समझना चाहिए कि एसजीपीसी धार्मिक संस्था है और धर्म के लिए काम करती है। भड़काऊ भाषण देकर धर्म के नाम पर लड़ाना एसजीपीसी को अब छोड़ देना चाहिए। सूबे में कैप्टन सरकार हर धर्म की इज्जत दिल से करती है।
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