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प्रयागराज हिंसा में नया खुलासा : फायरिंग और आगजनी के बाद सरकारी शस्त्र लूटने की फिराक में थे उपद्रवी

Sun, 12 Jun 2022 05:18 AM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज Published by: विनोद सिंह Updated Sun, 12 Jun 2022 05:18 AM IST
सार

बवाल मामले में कुल तीन मुकदमे दर्ज हुए जिनमें से एक खुल्दाबाद थाने का है। अटाला चौकी प्रभारी दीनदयाल सिंह की तहरीर पर यह केस दर्ज किया गया है। जिसमें उन्होंने आरोप लगाया है कि उपद्रवी भीड़ को जब हटाने की कोशिश की गई तो पहले उन्होंने पत्थर व बम चलाए।

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New disclosure in Prayagraj violence: Along with firing and arson, an attempt to rob government weapons
Prayagraj News : प्रयागराज में हिंसा। - फोटो : अमर उजाला।

अटाला बवाल मामले में एक दिन पहले पथराव, बमबाजी व आगजनी की ही बात सामने आई थी। लेकिन पुलिस का कहना है कि उपद्रवियों ने गोलियां भी चलाईं। छतों से अवैध असलहों से फायरिंग की जिसमें जवान बाल-बाल बच गए। यही नहीं पुलिसकर्मियों के सरकारी शस्त्र लूटने का भी प्रयास किया। यह आरोप खुल्दाबाद थाने में दर्ज किए गए मुकदमे में पुलिस की ओर से लगाए गए हैं।




बवाल मामले में कुल तीन मुकदमे दर्ज हुए जिनमें से एक खुल्दाबाद थाने का है। अटाला चौकी प्रभारी दीनदयाल सिंह की तहरीर पर यह केस दर्ज किया गया है। जिसमें उन्होंने आरोप लगाया है कि उपद्रवी भीड़ को जब हटाने की कोशिश की गई तो पहले उन्होंने पत्थर व बम चलाए। इसके बाद पुलिस फोर्स को निशाना बनाकर गोलियां भी चलाईं। छतों पर चढ़कर बम के फेंकने के साथ फायरिंग की। भीड़ ने आईटीएमएस के कैमरे तोड़ने की कोशिश की। साथ ही उपद्रव की वीडियो रिकॉर्डिंग कर रहे पुलिसकर्मियों के मोबाइल छीनने का भी प्रयास किया।

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prayagraj violence - फोटो : अमर उजाला

29 धाराओं में दर्ज हुआ केस
उपद्रवी भीड़ पर दर्ज मुकदमों में 29 अलग-अलग धाराएं लगाई गई हैं। जिनमें दंगा फैलाने के आरोप से संबंधित धारा भी शामिल है। इसके अलावा बलवा, हत्या का प्रयास, सरकारी काम में बाधा पहुंचाने, लोकसेवक पर हमला, गालीगलौज, धमकी, आपराधिक साजिश के अलावा विस्फोटक पदार्थ अधिनियम के तहत भी केस दर्ज किया गया है। उपद्रव में बड़ी संख्या में नाबालिग भी थे, ऐसे में मुकदमे में किशोर न्याय अधिनियम की भी धारा लगाई गई है। बवाल के दौरान पीएसी का ट्रक जलाने के साथ ही बड़ी संख्या में सार्वजनिक संपत्तियों को भी निशाना बनाया गया, ऐसे में सार्वजनिक संपत्ति नुकसान निवारण अधिनियम के तहत भी केस दर्ज किया गया है।

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Prayagraj Violence - फोटो : अमर उजाला

सिपाही की भी बाइक फूंकी
बवाल के दौरान जिन वाहनों को आग के हवाले किया गया, उनमें एक पुलिसकर्मी की गाड़ी भी शामिल है। बवाल के दौरान सरायममरेज थाने में तैनात दीवान शिवप्रसाद मौर्य भी ड्यूटी पर लगाया गया था। उसने अपनी स्प्लेंडर बाइक शौकत अली तिराहे पर खड़ी की थी। जिसे उपद्रवियों ने आग के हवाले कर दिया। 

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prayagraj violence - फोटो : अमर उजाला

अटाला में कार्रवाई के डर से सैकड़ों लोगों ने घर छोड़ा
पत्थरबाजों की शिनाख्त के बीच पूरे अटाला क्षेत्र में लोगों की मुसीबत बढ़ गई है। हर कोई कार्रवाई के डर से सहमा हुआ है। पुलिस-पीएसी की घेरेबंदी के बीच शनिवार को सैकड़ों लोगों ने घर छोड़ दिया। मिर्जा गालिब रोड, शौकत अली मार्ग से लेकर मजीदिया इस्लामिया इंटर कॉलेज वाली गली में तमाम घरों पर ताले लटक रहे हैं। तुलसीपुर से कादिर बख्श स्वीट तक सैकड़ों लोग घर छोड़ कर भाग गए हैं। कादिर बख्श इलाके के इम्तियाज अली बताते हैं कि पत्थर किसी और ने चलाए, लेकिन, अब कार्रवाई का डर अब हर किसी को सता रहा है। इसी वजह से लोग घरों से पलायन कर रहे हैं। कोई दूसरे मुहल्लों में शरण ले रहा है तो कोई रिश्तेदारों के यहां जा रहा है।

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Prayagraj News : प्रयागराज में हिंसा। - फोटो : अमर उजाला।
सोशल मीडिया पर उपद्रव का वीडियो होता रहा वायरल
अटाला में शुक्रवार को हुए बवाल के वीडियो सोशल मीडिया के विभिन्न प्लेटफार्म पर दिनभर वायरल होते रहे। लोगों ने इन वीडियो को लेकर तमाम तरह के कमेंट भी किए। वहीं पुलिस विभाग का साइबर सेल सोशल मीडिया पर लगातार अपनी नजर बनाए हुए है। उपद्रवियों द्वारा जुमे की नमाज के बाद पत्थरबाजी का वीडियो और पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई के वीडियो शनिवार को खूब वायरल हुए। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वह कोई ऐसा वीडियो या फिर कमेंट सोशल मीडिया पर वायरल न करें, जिससे शांति व्यवस्था प्रभावित हो। 
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