Padmini Ekadashi 2023 Kab Hai: पद्मिनी एकादशी मलमास या अधिक मास में आती है। इसे कमला एकादशी भी कहा जाता है। अधिक मास की शुरुआत 18 जुलाई से हो चुकी है। इसका समापन 16 अगस्त को होगा। इसे पुरुषोत्तम मास भी कहा जाता है। अधिक मास में आने वाली एकादशी का महत्व बहुत ज्यादा होता है, क्योंकि इस माह के स्वामी श्रीहरि विष्णु हैं और एकादशी तिथि भी इन्हें ही समर्पित है। ऐसे में पद्मिनी एकादशी का व्रत रखकर पूजा करने से दोगुना फल की प्राप्ति होती है। इस व्रत से सालभर की एकादशियों का पुण्य मिल जाता है। तो चलिए जानते हैं अधिक मास की पद्मिनी एकादशी की तिथि, मुहूर्त और महत्व...
Padmini Ekadashi 2023: अधिक मास की पद्मिनी एकादशी कब है? जानें शुभ मुहूर्त और महत्व
पद्मिनी एकादशी 2023 तिथि
पंचांग के अनुसार श्रावण मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि 28 जुलाई 2023, दिन शुक्रवार को दोपहर 02 बजकर 51 मिनट पर शुरू हो रही है। इसका समापन 29 जुलाई शनिवार को दोपहर 01 बजकर 05 मिनट पर होगा। उदया तिथि के अनुसार पद्मिनी एकादशी का व्रत 29 जुलाई, दिन शनिवार को रखा जाएगा।
पद्मिनी एकादशी 2023 पूजा मुहूर्त
29 जुलाई को पूजा का मुहूर्त सुबह 07 बजकर 22 मिनट से सुबह 09 बजकर 04 मिनट तक है। इसके बाद दोपहर में शुभ समय 12 बजकर 27 मिनट से शाम 05 बजकर 33 मिनट तक है।
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- पद्मिनी एकादशी के दिन सुबह जल्दी उठकर स्नान आदि कर सूर्यदेव को अर्घ्य दें।
- फिर भगवान विष्णु की पूजा-आराधना करें।
- ब्राह्मण को फलाहार का भोजन करवायें और उन्हें दक्षिणा दें।
- इस दिन एकादशी व्रत कथा सुनें।
- भगवान के भजन या मंत्रों का पाठ करें।
- एकादशी व्रत द्वादशी के दिन पारण मुहूर्त में खोलें।
पद्मिनी एकादशी व्रत का महत्व
पद्मिनी एकादशी जगत के पालनहार भगवान विष्णु को बेहद प्रिय है। शास्त्रों के अनुसार जो व्यक्ति पद्मिनी एकादशी व्रत का पालन सच्चे मन से करता है उसे विष्णु लोक की प्राप्ति होती है। इस व्रत को करने से व्यक्ति हर प्रकार की तप-तपस्या, यज्ञ और व्रत आदि से मिलने वाले फल के समान फल प्राप्त करता है।