Apara Eakadashi 2020: अपरा एकादशी व्रत का ज्येष्ठ कृष्ण पक्ष की एकादशी के दिन रखा जाता है। इसे अचला एकादशी के नाम से भी जाना जाता है। इस बार अपरा एकादशी व्रत 18 मई को रखा जाएगा। धार्मिक मान्यता के अनुसार जो व्यक्ति यह व्रत सच्चे मन से करता है उसे मां लक्ष्मी और भगवान विष्णु जी आशीर्वाद प्राप्त होता है। इस व्रत को करने से व्यक्ति को स्वर्गलोक की प्राप्ति होती है। परंतु इस दिन इन पांच चीजों से परहेज करना चाहिए।
Apara Eakadashi 2020: अपरा एकादशी के दिन भूलकर भी न करें ये पांच गलतियां
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आज के दिन न खाएं चावल
एकादशी पर भूलकर भी चावल का सेवन नहीं करना चाहिए। शास्त्रों के अनुसार एकादशी में चावल का सेवन करने से मन में चंचलता आती है, जिसके कारण मन भटकता है। एक अन्य मान्यता के अनुसार एकादशी के दिन चावल खाने वाला व्यक्ति अगले जन्म में रेंगने वाला प्राणी बनता है।
मादक पदार्थों के सेवन से रहें दूर
एकादशी का व्रत रखने वाले साधक को इस पावन तिथि पर किसी भी प्रकार की नशीली चीज का सेवन नहीं करना चाहिए। इस दिन न सिर्फ व्रती बल्कि उसके परिवार में रहने वाले सदस्यों को भांग, धूम्रपान और मदिरा आदि का सेवन करने से बचना चाहिए।
क्रोध से बचें
किसी भी व्रत या पूजा को शांत चित्त मन और भक्ति भाव के साथ करने पर वह सफल होती है। ऐसे में जिस दिन एकादशी का व्रत रखा हो, उस दिन भूलकर भी मनुष्य को क्रोध नहीं करना चाहिए।
दातुन करना है वर्जित
अपरा एकादशी के व्रत में कभी भी दातुन से दांत साफ नहीं करना चाहिए। ऐसा इसलिए क्योंकि एकादशी वाले दिन किसी पेड़ की टहनियों को तोड़ने से भगवान विष्णु नाराज हो जाते हैं।