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ऐसे खुले भारत पाक बंटवारे में बंद इस स्कूल के दरवाजे

Fri, 13 Mar 2015 09:25 AM IST
Updated Fri, 13 Mar 2015 09:25 AM IST
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ऐसे खुले भारत पाक बंटवारे में बंद इस स्‍कूल के दरवाजे

bcs school shimla, read history.

ये वही स्कूल है जिसके दरवाजे 22 अक्टूबर1947 में भारत पाक विभाजन के समय बंद कर दिए गए थे। उस समय पाकिस्तान के 42 छात्र यहां पढ़ते थे। मगर विभाजन के कारण इन्हें न चाहते हुए भी स्कूल छोड़ना पड़ा।

ऐसे खुले भारत पाक बंटवारे में बंद इस स्‍कूल के दरवाजे

bcs school shimla, read history.

अंतिम दिन इरविन हॉल में एक स्पीच हुई जिसमें छात्रों को इसकी जानकारी दी गई। सभी एक दूसरे से मिले। ये जानते थे कि शायद अब कभी एक दूसरे से न मिल पाएंगे। इसके बाद सभी हमेशा के लिए स्कूल छोड़कर चले गए।

ऐसे खुले भारत पाक बंटवारे में बंद इस स्‍कूल के दरवाजे

bcs school shimla, read history.

कहा जाता है कि स्कूल के इरविन हॉल को उसी दिन बंद कर दिया गया ‌था जिस दिन ये छात्र स्कूल छोड़कर चले गए थे। उसके बाद सालों तक ये दरवाजे हमेशा बंद रहे। स्कूल ने परंपरा निभाई।

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ऐसे खुले भारत पाक बंटवारे में बंद इस स्‍कूल के दरवाजे

bcs school shimla, read history.

यह स्कूल ‌है शिमला का बिशप कॉटन स्कूल। 28 जुलाई 1859 को बना ये स्कूल एशिया का सबसे पुराना स्कूल है। इसका इतिहास भी बेहद गौरवपूर्ण है। अंग्रेजी शासनकाल में बनाया गया ये स्कूल कई ऐतिहासिक घटनाओं को संजोए हुए हैं।

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ऐसे खुले भारत पाक बंटवारे में बंद इस स्‍कूल के दरवाजे

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करीब 62 साल तक इस हॉल को किसी ने नहीं खोला। वहीं, स्कूल छोड़कर गए वो सभी छात्र भी कई नामी हस्तियां बन चुके थे। इनमें कई पाकिस्तान के प्रशासनिक अधिकारी बने तो हुमायू खान भारत में पाकिस्तान के दुतावास में तैनात हुए।

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