सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के खासा स्थित हेडक्वार्टर की मेस में एक जवान ने रविवार सुबह सर्विस राइफल से अपने साथियों पर अंधाधुंध फायरिंग कर दी। इससे चार जवानों की मौत हो गई। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी कांस्टेबल सतीप्पा एसके ने भी खुद को गोली मार ली। इसमें उसकी भी मौत हो गई। फायरिंग में घायल एक अन्य जवान की हालत गंभीर बनी हुई है। अधिकारियों का कहना है कि आरोपी अपनी ड्यूटी के घंटों को लेकर परेशान था। इतना ही नहीं, उसने कैंपस में खड़ी कमांडिंग अधिकारी की गाड़ी पर भी गोली चलाई।पंजाब के अमृतसर में अटारी रोड स्थित बीएसएफ खासा हेडक्वार्टर की मेस रविवार की सुबह करीब 9.30 बजे अंधाधुंध फायरिंग से दहल गई। इस वारदात के तुरंत बाद ही बल के वरिष्ठ अधिकारियों ने बीएसएफ कर्मियों के अलावा किसी अन्य के भीतर आने पर पाबंदी लगा दी।
अंधाधुंध फायरिंग से दहला बीएसएफ कैंपस: आत्महत्या से पहले जवान ने चार साथियों को भूना, अब ये वजह आई सामने
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इसकी जानकारी मिलने के बाद जब कुछ मीडिया कर्मियों ने बल के आला अधिकारियों से मिलकर वारदात के बारे में पूछा तो उनको प्रवेश नहीं करने दिया गया। बीएसएफ खासा कैंपस में हर तरफ हड़कंप मच गया। कई जवानों के परिवारिक सदस्य भी मौके पर पहुंचे। कांस्टेबल सतीप्पा एसके ने फायरिंग के बाद जब खुद को गोली मार ली तो मेस में मौजूद सुरक्षाकर्मियों ने उसे पकड़ लिया, क्योंकि वह गंभीर हालत में जख्मी हो गया था। बीएसएफ जवान वारदात में घायल दो अन्य जवानों के साथ उसे भी एक निजी अस्पताल लेकर पहुंचे। मगर बाद में उन्हें गुरु नानक देव अस्पताल में दाखिल करवाया गया।
बीएसएफ के वरिष्ठ अधिकारी जख्मी जवानों का हाल जानने अस्पताल पहुंचे। आईजी जलाल मोहम्मद ने कहा कि इसमें कोर्ट ऑफ इंक्वायरी मार्क कर दी गई है और पुलिस को भी जांच दे दी गई है। वहीं दूसरी तरफ पुलिस के सीनियर अधिकारियों ने भी घटनास्थल का दौरा कर मौके का मुआयना किया और वारदात के समय मौजूद जवानों के बयान दर्ज किए।
बीएसएफ खासा हेडक्वार्टर में रहने वालीं उमा देवी ने बताया कि आज सुबह उनका बेटा राहुल नाश्ता करने के बाद ड्यूट पर गया था। पता नहीं एक पागल कहां से आ गया और उसने हर तरफ गोलियां चला दी, जिसमें उनका बेटा गंभीर रूप से जख्मी हो गया। वहीं दूसरी ओर बीएसएफ के वरिष्ठ अधिकारी स्थिति पर नजर बनाए हैं और वारदात में जख्मी जवानों की पल-पल की रिपोर्ट फ्रंटियर हेडक्वार्टर को भेज रहे हैं।
ज्यादा ड्यूटी से परेशान था कांस्टेबल
बीएसएफ के सूत्रों के अनुसार बताया जा रहा है कि कांस्टेबल सतीप्पा एसके से ज्यादा ड्यूटी ली जा रही थी। इसे लेकर वह परेशान था। ड्यूटी को लेकर इस कांस्टेबल की शनिवार को अपने एक अधिकारी से बहस हुई थी। दूसरी तरफ मौके पर पहुंचे सीमा सुरक्षा बल के आईजी स्तर के अधिकारी ने आपसी झगड़ा या ड्यूटी विवाद नहीं होने की जानकारी दी और बताया कि इसमें कोर्ट ऑफ इंक्वायरी का आदेश दिया है। पुलिस भी मामले की जांच कर रही है।