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इंदौर: बदलेगी रेलवे स्टेशन की सूरत, आगामी 50 सालों को देखते हुए अत्याधुनिक सुविधाओं का होगा विस्तार, बड़े मॉल और पार्किंग बनेगी
Tue, 19 Apr 2022 04:33 PM IST
चंद्रप्रकाश शर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
Published by: चंद्रप्रकाश शर्मा
Updated Tue, 19 Apr 2022 04:33 PM IST
सार
स्वच्छ शहर इंदौर का रेलवे स्टेशन अब बदला हुआ नजर आएगा। यहां अत्याधुनिक सुविधाओं का विस्तार किया जाएगा। आगामी 50 सालों के हिसाब से इसका विकास किया जाएगा। बड़े मॉल, पार्किंग एरिया बनेंगे। सांसद शंकर लालवानी ने इसके लिए प्रयास किए थे।
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इस तरह बनेगा इंदौर का रेलवे स्टेशन
- फोटो : सोशल मीडिया
शहर का रेलवे स्टेशन भी अब बहुत जल्द स्मार्ट नजर आएगा। रेल मंत्रालय ने तीन स्टेशनों का चयन किया है, जिनमें इंदौर रेलवे स्टेशन को प्राथमिकता से रखा गया है। हालांकि पहले स्टेशन का सौंदर्यीकरण किया जाना था और कुछ सुविधाओं को बढ़ाना था, लेकिन अब आने वाले 50 सालों को देखते हुए पूरे स्टेशन पर अत्याधुनिक यात्री सुविधाओं के साथ-साथ मॉल, बड़ी पार्किंग और रेलवे अधिकारियों के कार्यालय बनाने की योजना भी बनाई गई है।
रेल मंत्री से मुलाकात करते सांसद लालवानी
- फोटो : सोशल मीडिया
दरअसल, पिछले दिनों सांसद शंकर लालवानी की रेलमंत्री अश्विनी वैष्णव से मुलाकात हुई थी, जिसमें उन्होंने रेलवे स्टेशन पर क्या-क्या सुविधाएं यात्रियों को मिलें, इस पर चर्चा की थी। इस योजना को लेकर एक सर्वे पहले ही हो चुका है। इसके बाद अब एक और सर्वे हो रहा है, जिसमें आगामी 50 सालों को देखते हुए डिटेल एस्टीमेट रिपोर्ट तैयार की जाएगी और जल्द ही काम शुरू कर दिया जाएगा। रेलमंत्री ने पश्चिम रेलवे के महाप्रबंधक एके लाहोटी को इस संबंध में टेंडर जारी करने के निर्देश भी दिए हैं। वर्तमान में इस स्टेशन के पास जगह कम है, इसलिए सडक़ के दूसरी ओर की जमीन को भी उपयोग में लाया जाएगा और वर्तमान में बने रेलवे के भवनों, आरक्षण कार्यालय, रेलवे अस्पताल, रेलवे पुलिस लाइन की जगह भी ली जाएगी। बताया जा रहा है कि इंदौर का देश के तीन स्टेशनों में चयन हुआ है। न्यू जलपाईगुड़ी और विशाखापट्टनम जैसे स्टेशन भी इसमें शामिल हैं। इंदौर रेलवे स्टेशन के विकास का कार्य पश्चिम रेलवे द्वारा ही किया जाएगा, जिसके आदेश जारी किए गए हैं। वे डिटेल एस्टीमेट रिपोर्ट के लिए टेंडर तैयार करवाएं, जिसे जल्द स्वीकृत कराया जा सके। जलपाईगुड़ी स्टेशन का काम नॉर्थ-ईस्ट फ्रंटियर रेलवे एवं विशाखापट्टनम का काम रेल लैंड डेवलपमेंट अथॉरिटी को सौंपा गया है।
नए बनने वाले रेलवे स्टेशन की डिजाइन देखते सांसद लालवानी
- फोटो : सोशल मीडिया
पुरानी योजना में ये था शामिल
कहा जा रहा है कि इसके पहले रेलवे स्टेशन के सौंदर्यीकरण के तहत प्रवेश द्वार राजबाड़ा की तरह और तल मंजिल पर बने कार्यालयों को तोडक़र दूसरी मंजिल पर ले जाने और नीचे पूरी तरह से यात्री सुविधाओं की व्यवस्था की जाना थी, लेकिन यह आने वाले समय के लिए अपर्याप्त होता। लेकिन अब रेलमंत्री और सांसद की पहल पर नया सर्वे करवाया गया, जिसमें कई सुविधाएं शामिल की गई हैं। आने वाले समय में शहर का फैलाव तो बाहरी क्षेत्रों में ही होना है और वहां से कनेक्टिविटी के लिए मेट्रो ट्रेन के रूट को स्टेशन से जोड़ा जाएगा। रीगल तिराहे पर एक बड़ा स्टेशन बनने वाला है। इसके साथ ही सरवटे बस स्टैंड से भी मेट्रो की कनेक्टिविटी हो इसकी भी कोशिश की जाएगी। सांसद लालवानी ने कहा कि मेट्रो से उतरकर यात्री सीधे स्टेशन में प्रवेश करें, ऐसी व्यवस्था रहेगी।
रंग लाए सांसद के प्रयास
इस पूरे प्रोजेक्ट में सांसद शंकर लालवानी के प्रयास रंग लाए हैं। इसके बाद अब एयरपोर्ट की तरह ही रेलवे स्टेशन आधुनिक बनेगा। इंदौर की 50 सालों की जरूरतों को ध्यान में रखकर इसे बनाया जाएगा। सांसद लालवानी ने लोकसभा में भी इसे लेकर मुद्दा उठाया था। सांसद ने इंदौर की इस ऐतिहासिक उपलब्धि के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रेलमंत्री अश्विनी वैष्णव का आभार माना है। वर्तमान रेलवे स्टेशन के सामने मौजूद रेलवे रिजर्वेशन कार्यालय एवं रेलवे की कॉलोनी को मिलाकर स्टेशन बनाया जाएगा। शास्त्री ब्रिज, पटेल ब्रिज, पटेल प्रतिमा से यूनिवर्सिटी तक के पूरे क्षेत्र में ये नया स्टेशन फैला हुआ होगा। एक अनुमान के मुताबिक 50 साल बाद यानी वर्ष 2070 में 12,000 यात्री प्रति घंटे के हिसाब से स्टेशन पर यात्रियों का आवागमन होगा और इसी को ध्यान में रखकर स्टेशन की योजना बनाई गई है।
