अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ के राजभवन में आयोजित योग कार्यक्रम में हिस्सा लिया और योगासन किए। इस दौरान वो हर रोज से अलग भगवा टीशर्ट में नजर आए। उन्होंने अनुलोम-विलोम सहित कई प्राणायम किए और लोगों से नियमित अभ्यास करने की अपील की।
उन्होंने कहा कि योग एक संपूर्ण विधा है, जो हमें शारीरिक और मानसिक रूप से एकजुट करता है। प्रदेश वासियों से अपील है कि योग को नियमित अभ्यास का हिस्सा बनाएं, यह आपके स्वास्थ्य और दीर्घ जीवन के लिए अति उत्तम है। सभी योग साधकों एवं प्रदेश वासियों को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की हृदय से बधाई एवं शुभकामनाएं!
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि योग सभी के लिए है। इसमें कोई भेदभाव नहीं है। इसमें जाति का भेद नहीं है। धर्म का भेद नहीं है। भाषा का भेद नहीं है। क्षेत्र का भेद नहीं है। ये सभी के लिए है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने खुद भी सामूहिक योगाभ्यास से जुड़कर हम सभी को इससे जोड़ने का काम किया है।
उन्होंने कहा कि योग से कोई चमत्कारिक परिवर्तन नहीं होंगे पर धीरे-धीरे इससे होने वाले शारीरिक और मानसिक लाभ आपको स्वयं महसूस होंगे।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि योग दिवस के माध्यम से हमें अपनी ऋषि परंपरा के प्रति श्रद्धावनत होने का एक मौका मिलता है। ये अवसर हमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिया है जिनके विजन के कारण आज दुनिया भर के करीब पौने 200 देशों में योग किया जाता है।
उन्होंने कहा कि अपनी विरासत, परंपरा और पूर्वजों के प्रति इससे बड़ा सम्मान दूसरा नहीं हो सकता है कि जो भी उन्होंने हमें दिया है। उसके साथ संपूर्ण मानवता को जोड़ें। योग संपूर्ण मानवता के लिए कल्याणकारी है और अनुकूल है।