भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने शनिवार को सपा और बसपा पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा, कॉस्मेटिक तरीके से प्रदेश का विकास नहीं हो सकता। मुख्यमंत्री पर निशाना साधते हुए कहा, यूपी समस्याओं का दरिया है अखिलेश बाबू, इन्हें हल करने के लिए जिगर चाहिए। सिर्फ खनन का भ्रष्टाचार खत्म कर दिया जाए तो प्रदेश में हर गांव को बिजली, सड़क और शौचालय की सुविधा दी जा सकती है। वहीं, उन्होंने निजी क्षेत्र में नौकरियां देने की बात कही।
शाह ने यहां बीबीडी यूनिवर्सिटी में ‘यूपी के मन की बात’ अभियान में छात्रों से संवाद किया। इस कार्यक्रम से 200 कॉलेजों के छात्र वीडियो क्रॉन्फ्रेंसिंग के जरिए जुड़े थे। शाह ने कहा, लोकतंत्र जातिवाद से ग्रसित है। भाजपा चाहती है कि राजनीति में जाति के बजाय परफॉरमेंस का विचार आगे बढ़े। इसीलिए युवाओं, महिलाओं, किसानों, गरीबों से संवाद शुरू किया गया है।
शाह बोले, अब सुधार से काम चलने वाला नहीं है, इसलिए मोदी सरकार आमूलचूल बदलाव की दिशा में बढ़ रही है। शिक्षा, पढ़ाई, स्वास्थ्य राज्य के विषय हैं। केंद्र सरकार, प्रदेश को हर साल एक लाख करोड़ रुपये भेज रही है, लेकिन इनका सदुपयोग नहीं हो रहा। एक मेट्रो बना देना, गोमती का सौंदर्यीकरण करना या एक सड़क बनाना विकास नहीं है।
सड़कों के ठेके भी दूसरे राज्यों से 20-25 फीसदी ज्यादा रेट पर दिए गए हैं। उन्होंने युवाओं से सपा सरकार को उखाड़ फेंकने का आह्वान किया तथा भाजपा में युवाओं का ज्यादा प्रतिनिधित्व देने का भरोसा दिलाया।
नोटबंदी से उड़ा कई नेताओं के चेहरे का नूर
एक छात्र के सवाल के जवाब में अमित शाह ने कहा कि नोटबंदी से आम लोगों को हो रही तकलीफ को हम संवेदना के साथ देख रहे हैं। तीन-चार दिनों में समस्या काफी कम हो जाएगी। यह समस्या वैसी ही है, जैसे ऑपरेशन के बाद कुछ दिन के लिए पट्टी बांधी जाती है। पट्टी हटते ही बाकी जिंदगी अच्छी गुजरती है। नोटबंदी से कई नेताओं के चेहरे का नूर उड़ गया है। सपा, बसपा से लेकर ममता, केजरीवाल तक एक साथ आ गए हैं। उन्होंने कहा कि नोटबंदी से कालेधन की लीकेज सौ फीसदी बंद हो जाएगी, पहले तो पूरा दरवाजा ही खुला हुआ था।