एहसान बोले, 'फिल्म वाले हिंदी की खाते हैं, हिंदी में 'बनाते' हैं'
चाय की चुस्कियां हों और सामने मशहूर कॉमेडियन एहसान कुरैशी, वीआईपी व राजीव ठाकुर हों तो खुद को हंसने से रोक पाना मुश्किल ही नहीं नामुमकिन हो जाता है।
एहसान बोले, 'फिल्म वाले हिंदी की खाते हैं, हिंदी में 'बनाते' हैं'
कुछ ऐसा ही रविवार को इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में आयोजित ‘चाय पर चुटकुले’ कार्यक्रम में हुआ, जहां दर्शकों को चाय व समोसे परोसे गए और इसके बाद हास्य कलाकारों ने चुटकुलों से उनका भरपूर मनोरंजन किया।
एहसान बोले, 'फिल्म वाले हिंदी की खाते हैं, हिंदी में 'बनाते' हैं'
वीआईपी ने जहां नवाजुद्दीन सिद्दीकी संग तमाम एक्टर्स की मिमिक्री की, वहीं एहसान कुरैशी ने रोचक अंदाज में दर्शकों को लोटपोट किया। राजीव ठाकुर की परफॉर्मेंस भी गजब की रही।
एहसान बोले, 'फिल्म वाले हिंदी की खाते हैं, हिंदी में 'बनाते' हैं'
शिवनी(मप्र) के रहने वाले हास्य कलाकार एहसान कुरैशी ने कहा कि नसीब अच्छा तो कोई भी प्रधानमंत्री बन सकता है। ...राजीव गांधी को ही ले लीजिए, कभी वार्ड चुनाव तक नहीं लड़ा, लेकिन प्रधानमंत्री बन गए। एहसान ने बताया कि दस साल पहले ‘द ग्रेट इंडियन लाफ्टर शो’ से जो पहचान मिली, वह आज भी कायम है।
एहसान बोले, 'फिल्म वाले हिंदी की खाते हैं, हिंदी में 'बनाते' हैं'
एहसान बॉलीवुड में अंग्रेजी के बढ़ते चलन पर कोफ्त जताते हुए कहते हैं कि हिन्दी की खाते हैं और हिन्दी में बनाते(फिल्म) हैं, फिर भी इस्तेमाल अंग्रेजी करते हैं। कहते हैं कि बॉलीवुड पर अंग्रेजियत हावी है, देवनागरी में लिखी स्क्रिप्ट को फाड़कर फेंक देते हैं। मैं तो स्क्रिप्ट हिन्दी में लिखी हुई ही मंगाता हूं।