शरीर को स्वस्थ और फुर्त बनाए रखने के लिए योग-व्यायाम को बहुत आवश्यक माना जाता है। शरीर में रक्त के संचार को व्यवस्थित बनाए रखने से लेकर कई तरह की बीमारियों के खतरे को कम करने तक के लिए योगासनों का अभ्यास लाभदायक हो सकता है। योग न सिर्फ मस्तिष्क के कार्यों को बढ़ावा देते हैं साथ ही शरीर की सक्रियता को बढ़ाने और कई तरह के रोगों के खतरे को कम करने में भी योगासनों को फायदेमंद माना जाता है।
आज का योग: रोज कीजिए यह तीन योगाभ्यास, सिर से लेकर पांव तक के स्वास्थ्य को मिलेगा बढ़ावा
भुजंगासन या कोबरा पोज
भुजंगासन (कोबरा पोज) का नियमित रूप से अभ्यास करना आपकी सेहत के लिए बहुत ही लाभकारी हो सकता है। रीढ़ को मजबूत करने के साथ छाती- फेफड़ों, कंधों और पेट की मांसपेशियों को आराम देने और इनमें रक्त के संचार को बढ़ावा देने के लिए भुजंगासन का अभ्यास फायदेमंद माना जाता है। तनाव और थकान को दूर करने के अलावा साइटिका को ठीक करने में भी इस योग को काफी असरदार माना जाता है।
सर्वांगासन योग
उच्च रक्तचाप को हृदय रोग जैसी कई गंभीर बीमारियों का कारण माना जाता है, सर्वांगासन योग का अभ्यास रक्तचाप को नियंत्रित बनाए रखने में काफी मददगार है। थायराइड वाले रोगियों को भी इस अभ्यास से स्वास्थ्य में सुधार होता है।ब्रेन फंक्शन को बूस्ट करने के साथ फेफड़ों को स्वस्थ बनाए रखने में भी सर्वांगासन योग का अभ्यास करना आपके लिए फायदेमंद माना जाता है।
पर्वतासन योग के लाभ
पर्वतासन उन योगाभ्यासों में से एक है जिसे श्वास तकनीक को विकसित करने और इसमें सुधार करने के लिए फायदेमंद माना जाता है। इस आसन के नियमित अभ्यास से आपके फेफड़ों की क्षमता में वृद्धि होती है, साथ ही पर्वतासन पेट, कूल्हों और कमर पर जमे फैट को कम करने में भी मदद करता है। पूरे शरीर की स्ट्रेचिंग और रक्त के संचार को बढ़ावा देने में भी इस योग के अभ्यास को लाभदायक माना जाता है।
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नोट: यह लेख योग विशेषज्ञों के सुझावों के आधार पर तैयार किया गया है। आसन की सही स्थिति के बारे में जानने के लिए किसी योगगुरु से संपर्क कर सकते हैं।
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