आमतौर पर व्यायाम को लेकर लोग इसलिए परेशान रहते हैं क्योंकि उन्हें रोजाना की व्यस्तता के बीच इसके लिए समय ही नहीं मिल पाता है। लेकिन अब यह बहाना नहीं चलेगा, क्योंकि नए शोध में बताया गया है कि हफ्ते में एक या दो बार किया जाने वाला कड़ा व्यायाम भी उतना ही लाभ देता है जितना फायदा रोजाना सामान्य वर्कआउट से मिलता है। यह व्यायाम समय से पहले मौत का खतरा भी कम करता है।
इंग्लैंड की लाफबोरफ यूनिवर्सिटी द्वारा किया गया यह शोध प्रसिद्ध मेडिसिन जर्नल जामा इंटरनेशनल में प्रकाशित हुआ है। शोध में बताया गया कि स्वास्थ्य के लिए हफ्ते में कम से कम 150 मिनट का सामान्य व्यायाम जरूरी है जबकि 75 मिनट का कड़ा व्यायाम भी उतना ही लाभ देता है जो अधिक समय देकर सामान्य व्यायाम से मिलता है।
सामान्य व्यायाम में तेज वाकिंग या आसान साइकलिंग को शामिल किया गया है जबकि कड़े व्यायाम में दौड़ना, तेज साइकिल चलाना या फास्ट खेल जैसे बॉस्केटबाल या फुटबाल आदि शामिल हैं। कड़े व्यायाम में हृदयगति बढ़ना जरूरी होता है इसलिए किसी कोच की सलाह लेना ठीक रहता है।
शोध के मुताबिक इस गाइडलाइन का पालन करने से कई तरह की बीमारियों को रोका जा सकता है। यहां तक कि कम उम्र में मौत का खतरा भी इन गाइडलाइन का पालन करने से दूर हो सकता है। नई तंत्रिका कोशिकाओं का निर्माण तेजी से होता है जिसके कारण अल्जाइमर्स और पार्किंसन जैसी बीमारियां अक्सर दूर ही रहती हैं।
शोध में हुए व्यापक सर्वे के दौरान यह भी पाया गया कि यह व्यायाम यौन जन्य रोगों से भी दूर रखता है क्योंकि व्यायाम से टेस्टोरेस्ट्रॉन नामक रसायन का निर्माण तेजी से होता है। यह व्यायाम चिंताओं से दूर रखकर व्यक्ति की दिमागी परेशानियों को भी कम करता है। इससे वजन नियंत्रित रहता है और हृदयरोग की आशंका भी कम हो जाती है। यही नहीं साप्ताहिक रूप से किया जाने वाला कड़ा व्यायाम टाइप-2 डायबिटीज को भी दूर रखता है।