भारत गांवों में बसता है। व्यक्ति भले ही कितने बड़े-बड़े शहर घूम ले लेकिन जो सुकून गांवों में जाकर मिलता है, वो शहरों की चकाचौंध में नहीं ही मिलता है। गांव आज भी जमीन से जुड़े हैं, उन पर बाहरी सभ्यता का प्रभाव पूर्णरूप से नहीं पड़ पाया है जिस वजह से वे अपनी संस्कृति को जीवित रखने का तरीका जानते हैं। गांववासी प्रकृति और उनके पास मौजूद संसाधनों से संतुष्ट है। उन्हें जो भी मिला है वह उसके प्रति सम्मान का भाव रखते हैं। यहि वजह है कि पहाड़ों की खूबसूरती, नदियों के बहाव के साथ उन्होंने कोई छेड़छाड़ नहीं किया है। यदि आप भी किसी ऐसी जगह जाना चाह रहे हैं, जहां संस्कृति के साथ खूबसूरती का अद्धभुत संगम आपको देखने को मिले तो अगली स्लाइड्स में बताए गए गांवों का दौरा करने की योजना बना लीजिए।
भारत के इन खूबसूरत गांवों के आगे शहरों की चकाचौंध पड़ जाती है फीकी, एक बार अवश्य जाएं
किब्बर
किब्बर हिमालय की स्पीति घाटी में स्थित एक बहुत ही खूबसूरत गांव है। यह दुनिया का एकमात्र ऊंचा गांव है जो सड़कों से जुड़ा हुआ है। गांव की आबादी बहुत अधिक नहीं है। यहां केवल 80 घर हैं, लेकिन उनकी बनावट बहुत अलग है क्योंकि यह सभी घर सामान्य घरों की तरह ईंटों की नहीं बल्कि पत्थरों से बने हैं। यहां पर एक पुराना मठ है, जिसे देखने कई सारे लोग आते हैं। पहाड़ों पर बसा गांव पर्यटकों को आसानी से आकर्षित कर लेता है।
मट्टम
तमिलनाडु में स्थित मट्टम एक ऐसा गांव है, जहां सूर्यास्त प्रेमी जाना बहुत पसंद करते हैं। गांव मट्टम समुद्र तट के लिए प्रसिद्ध है। यहां के स्थानीय लोग मछली पकड़ने का कार्य करते हैं। यहां के समुद्र तटों पर भीड़ कम होती है इसलिए यहां सुकून की तलाश में आए लोगों को बहुत अच्छा लगता है। यहां पर लाइटहाउस से सूर्यास्त का नजारा बेहद सुंदर दिखाई देता। यह नजारा हर किसी को मंत्रमुग्ध कर सकता है।
प्रागपुर
प्रागपुर एक पुराना गांव है जो कि ऐतिहासिक इमारतों से समृद्ध है। यहां घर किले और हवेलियों जैसे बने हुए हैं, जो कि पर्यटकों को बेहद आकर्षित करते हैं। इसे भारतीय गांवों की सांस्कृतिक धरोहर भी कहा जाता है। यहां इतिहास से जुड़ी कई सारी कथाएं हैं। माना जाता है कि इस गांव की स्थापना 16वीं सदी में हुई थी। गांव में बहुत कम लोग रहते हैं लेकिन पर्यटक यहां आना बेहद पसंद करते हैं।
हिल स्टेशन घूमने का शौक है लेकिन भीड़भाड़ नहीं चाहते हैं तो इस बार हिमाचल प्रदेश के मलाना गांव जरूर जाएं। मलाना कुल्लू घाटी का एक गांव है, जो कि बहुत खूबसूरत है। ऊंचे- ऊंचे पहाड़ों से घिरा यह छोटा सा गांव एकबार तो देखना ही चाहिए। यहां जाने के लिए बेहतरीन समय मार्च से जून और सितम्बर से अक्टूबर तक का है।