Bad Breath Prevention Tips: मुंह की साफ सफाई और स्वास्थ्य को लेकर तब तक बात नहीं की जाती जब तक कि दांतों में दर्द या मसूढ़ों में समस्या न हो। विशेषज्ञ मानते हैं कि बाकी नियमित जांचों की ही तरह कम से कम साल में एक बार दांतों की जांच भी होनी चाहिए। विशेषकर आज के समय में जब हमारे खान-पान और जीवनशैली में बहुत अनियमितता आ गई है। ज्यादा से ज्यादा जंक फ़ूड और दांतों को नुकसान पहुंचाने वाले पेय पदार्थों का सेवन, कम उम्र लोगों यहाँ तक कि बच्चों में भी दांतों के स्वास्थ्य को बहुत नुकसान पहुंचा रहा है। ओरल हेल्थ को लेकर बीते वर्षों में कई शोध हुए हैं और विश्व भर में यह पाया गया है कि अक्सर लोग ओरल हेल्थ को सिर्फ ब्रश करने तक सीमित मानते हैं। फ्लॉस, टंग क्लीनर, माउथवॉश और दांतों के नियमित चेकअप को लेकर अब भी ज्यादा लोग जानकारी नहीं रखते। यहां तक कि अधिकांश लोग रात को सोने से पहले ब्रश करने की आदत भी नहीं रखते। इसका खमियाजा केवल दांतों और मसूढ़ों की समस्याओं के रूप में ही नहीं उठाना पड़ता, बल्कि खराब ओरल हेल्थ हृदय रोगों से लेकर अन्य कई गंभीर समस्याओं को भी जन्म दे सकती है। इसलिए दांतों से लेकर जुबान तक पूरी ओरल हेल्थ का ध्यान रखना बहुत जरूरी है और जुबान को साफ करना इसका एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। आइये जानें क्यों है जरूरी जुबान की नियमित सफाई।
Bad Breath: जुबान पर जमी गंदगी बन सकती है मुंह की दुर्गंध का कारण
बैक्टीरिया का पसंदीदा घर है जुबान
यूं तो सफाई के अभाव में पूरे मुंह में ही खराब बैक्टीरिया और संक्रमण फैलाने वाले तत्व जगह बना सकते हैं लेकिन जुबान तो इसके लिए सबसे आरामदायक जगह साबित होती है। मसल्स से भरा हुआ मुंह का यह हिस्सा जहां भोजन काफी देर तक बना रहता है, मुश्किल पैदा करने वाले कारकों की आरामगाह बन जाती है। अब यहां एक मजेदार बात यह भी है कि जुबान पर मौजूद सारे बैक्टीरिया खराब नहीं होते। इनमें से कुछ अच्छे बैक्टीरिया भी होते हैं जो मुंह की सेहत को अच्छा रखने में मदद कर सकते हैं लेकिन कुछ ऐसे बैक्टीरिया होते हैं जो मुंह की दुर्गंध, टूथ डिके और मसूढ़ों की समस्याओं को पैदा कर सकते हैं। इसलिए आवश्यक है कि जुबान की भी सफाई का ध्यान रखा जाये। इस सफाई से बुरे बैक्टीरिया के साथ ही जगह जगह जमने वाले भोजन के कणों और मृत कोशिकाओं से भी छुटकारा मिलता है जो आगे जाकर परेशानियां खड़ी कर सकती हैं।
ऐसे करें मुंह की सफाई
-ब्रश करने के साथ ही मात्र 2 मिनिट में आप जुबान की सफाई भी कर सकते हैं और इसके लिए अगर आपके पास अलग से टंग क्लीनर नहीं है तो परेशान होने की जरूरत नहीं। ज्यादातर अच्छे ब्रश के पीछे जुबान की सफाई के लिए भी साधन दिया होता है। क्लीनर न होने की स्थिति में इसकी मदद से जुबान को पीछे से आगे की ओर साफ करें।
साफ करते समय जुबान पर क्लीनर या ब्रश को कभी भी रगड़ें नहीं। हलके हाथों से 5-6 बार साफ करें और कुल्ला कर लें।
-जुबान की सफाई दिन में दोनों बार (सुबह और रात को सोने से पहले) ब्रश करने के बाद करें।
-सफाई के लिए बाजार में मिलने वाले प्लास्टिक, स्टील, कॉपर आदि किसी भी टंग क्लीनर या टंग स्क्रैपिंग डिवाइस का उपयोग किया जा सकता है।
-नवजात बच्चों की जुबान पर दूध जमा हो जाता है लेकिन इसको ज्यादा साफ़ करने की आवश्यकता नहीं होती। एक बार बच्चा अनाज खाने लायक हो जाए फिर उसकी जुबान को भी नियमित साफ़ करें।
-डेन्चर का उपयोग कर रहे बुजुर्ग भी दिन में दो बार जुबान को साफ़ करने का काम कर सकते हैं।
यह भी रखें ध्यान में
-अगर आप केवल सुबह ब्रश करते समय जुबान साफ करते हैं और यह सोचते हैं कि इससे पूरे दिन मुंह में सफाई बनी रहेगी तो यह ख्याल गलत है। सुबह एक बार ब्रश करते समय साफ की गई जुबान पर दिनभर में फिर से भोजन के कण और बैक्टीरिया जमा हो जाते हैं। आप इसके बाद जब भी कुछ खाते-पीते हैं तो इनकी संख्या बढ़ती जाती है और मुंह में दुर्गंध पैदा होने लगती है। इसलिए कम से कम दिन में दो बार जुबान साफ करें और इसके बीच में जब भी कुछ खाएं-पीएं, अच्छे से कुल्ला जरूर करें। खासकर मिठाई, चॉकलेट और चाय या कोल्डड्रिंक के सेवन के बाद।
-चाहे आप कितने भी सॉफ्ट ब्रिसल्स वाला टूथब्रश क्यों न प्रयोग में लाते हों, हमेशा इससे जुबान को साफ़ करने की बजाय हमेशा टंग क्लीनर का ही इस्तेमाल करें। विशेषज्ञ मानते हैं कि बैक्टीरिया और समस्या पैदा करने वाली जुबान पर जमी परत को साफ़ करने के मामले में यह ज्यादा कारगर साबित होता है।