शनिवार से चैत्र नवरात्रि का आरंभ हो गया है, आज इसका दूसरा दिवस है। नवरात्रि के दिनों में मां दुर्गा के नौ स्वरूपों की पूजा, आरधान और व्रत करने की परंपरा है। शास्त्रों में उपवास के विशेष लाभ बताए गए हैं। इसका सिर्फ आध्यात्मिक ही नहीं, वैज्ञानिक लाभ भी है। कई शोध बताते हैं कि उपवास करने से पेट के अंगों को आराम मिलता है। पाचन से लेकर वजन को नियंत्रित रखने तक में इसके विशिष्ट लाभ के बारे में पता चलता है। हालांकि चैत्र नवरात्रि की व्रत कठिन माना जाता है। इस समय वातावरण में तापमान बढ़ रहा होता है ऐसे में व्रत करने वाले लोगों को सेहत के प्रति विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है।
आज का हेल्थ टिप्स: कर रहे हैं नवरात्रि का व्रत तो इन बातों का रखें विशेष ख्याल, वरना पड़ सकते हैं बीमार
शरीर के हाइड्रेशन का रखें ध्यान
जब आप उपवास कर रहे हों, तो शरीर के हाइड्रेशन का ध्यान रखना विशेष महत्वपूर्ण हो जाता है। विशेषकर इस मौसम में, जब कि तापमान बढ़ रहा हो, आपको खूब मात्रा में पानी और तरल पदार्थों का सेवन करते रहना चाहिए। आप नींबू पानी, नारियल पानी, छाछ का भी सेवन कर सकते हैं। सबसे खास बात खूब पानी पिएं और कैफीनयुक्त पेय पदार्थों से बचें। खाली पेट पानी पीने से भी आपके पाचन तंत्र पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है, इसलिए पानी पीने से पहले कुछ हल्का खाएं।
उपवास में स्वस्थ आहार लें
उपवास के दौरान स्वस्थ खाद्य पदार्थों का सेवन करना सुनिश्चित करें जो आपको ऊर्जा और पोषक तत्व प्रदान करें। प्रोसेस्ड खाद्य पदार्थ, डीप फ्राइड और शर्करा युक्त चीजों से परहेज किया जाना चाहिए। व्रत के दिनों में मौसमी फलों का सेवन किया जा सकता है। फल कई प्रकार के पोषक तत्वों से भरपूर होते हैं जो आपको पूरे दिन सक्रिय और ऊर्जावान बनाए रखने में सहायक हैं।
ज्यादा समय तक खाली पेट न रहें
लंबे समय तक खाली पेट रहने से सेहत पर नकारात्मक प्रभाव हो सकता है। इसलिए एक-दो घंटे के अंतराल पर कुछ हल्का जरूर खाते रहें। लंबे समय तक उपवास करने से कमजोरी, थकान और सिरदर्द हो सकता है। व्रत पूर्ण करते समय हमेशा हल्का भोजन करें। यदि आप किसी तरह की दवाइयां ले रहे हैं तो व्रत करने से पहले डॉक्टर से सलाह जरूर ले लें।
पर्याप्त नींद जरूरी
उपवास के कारण शरीर में थकान और कमजोरी आ सकती है, ऐसे में शरीर को स्वस्थ रखने के लिए पर्याप्त नींद जरूर लें। नींद पूरी होने से चक्कर आने और सिरदर्द जैसी समस्याओं से बचा जा सकता है। सुनिश्चित करें कि आप रोजाना रात में 7-8 घंटे की उचित नींद पूरी कर रहे हैं। व्रत के दौरान सेहत को लेकर किसी भी प्रकार की लापरवाही न करें।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्ट्स और स्वास्थ्य विशेषज्ञों की सुझाव के आधार पर तैयार किया गया है।
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