आहार विशेषज्ञ कहते हैं, शरीर को स्वस्थ और फिट रखने के लिए सभी लोगों को रोजाना आहार में फलों-सब्जियों के जूस का सेवन जरूर करना चाहिए। इससे शरीर के लिए आवश्यक पोषक तत्वों की आसानी से पूर्ति हो सकती है। कुछ अध्ययनों में पाया गया कि वेजिटेबल जूस के नियमित सेवन की आदत आपको हृदय रोगों और डायबिटीज जैसी क्रोनिक बीमारियों के खतरे से भी बचाने में सहायक हो सकती है।
सेहत की बात: क्या आप भी पीते हैं लौकी का जूस? हो जाइए सावधान, अध्ययन में दुष्प्रभावों को लेकर बड़ा खुलासा
लौकी का जूस नुकसानदायक?
पिछले कुछ वर्षों में सामने आई रिपोर्ट्स में लौकी के जूस के सेवन से उल्टी और अपर गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल (जीआई) रक्तस्राव की शिकायत देखी गई है। क्या वास्तव में लौकी का जूस शरीर के लिए फायदे की जगह नुकसानदायक हो सकता है?
लौकी के जूस के सेवन से होने वाली समस्याओं को जानने के लिए अध्ययन किया गया जिसमें भी शोधकर्ताओं ने पाया कि लौकी का सेवन अच्छे से पका कर ही किया जाना चाहिए। कच्ची लौकी या इसका जूस शरीर के लिए हानिकारक प्रभावों वाला हो सकता है।
अध्ययन में क्या पता चला?
नेशनल लाइब्रेरी ऑफ मेडिसिन में छपी एक रिपोर्ट के मुताबिक लौकी (लगेनेरिया सिसेरिया) के जूस के सेवन के कारण कुछ लोगों में गंभीर उल्टी और गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल रक्तस्राव और पॉइजनिंग की समस्या देखी गई। इस रिपोर्ट में 52 वर्षीय महिला की केस स्टडी का जिक्र है जिसे लौकी के जूस के सेवन के बाद हेमाटेमेसिस (उल्टी के साथ खून आने) और शॉक की समस्या के साथ आपातकालीन चिकित्सा की आवश्यकता पड़ी थी।
क्या कहते हैं शोधकर्ता?
अध्ययन में शोधकर्ताओं की टीम ने पाया कि लौकी, कुकरबिटेसी फैमिली से संबंधित है जिसमें जहरीले टेट्रासाइक्लिक ट्राइटरपेनॉइड यौगिक हो सकते हैं। इन्हें कुकुर्बिटासिन कहा जाता है जो कड़वा स्वाद और विषाक्तता के लिए जिम्मेदार होते हैं।
वैसे तो इस तरह की विषाक्तता के मामले अत्यंत दुर्लभ है और बहुत कम सामने आए हैं। हालांकि इसके जोखिमों को देखते हुए कच्ची लौकी के जूस को सेहत के लिए लाभकारी नहीं माना जा सकता है। लौकी का सेवन हमेशा पका कर ही किया जाना चाहिए।
कई प्रकार से लाभकारी भी है लौकी
लौकी को अगर अच्छी तरह से पकाकर इसका सेवन किया जाता है तो इससे शरीर को कई प्रकार के स्वास्थ्य लाभ हो सकते हैं।
- लौकी कम कैलोरी वाली सब्जियों में से एक है- प्रति 100 ग्राम में सिर्फ 14 कैलोरी होती है। यह वजन नियंत्रण में बहुत लाभकारी है।
- ताजा लौकी विटामिन-सी का भी अच्छा स्रोत है।100 ग्राम लौकी से 10 मिलीग्राम की मात्रा में ये विटामिन होता है। इससे दैनिक आवश्यकताओं का 17% प्राप्त किया जा सकता है।
- लौकी को पाचन के लिए काफी फायदेमंद माना जाता है। यह अपच और कब्ज की समस्याओं से राहत दिलाने में मदद करती है।
- लौकी में थियामिन, नियासिन (विटामिन बी-3), पैंटोथेनिक एसिड (विटामिन बी-5), पाइरिडोक्सिन (विटामिन बी-6), और कैल्शियम, पोटेशियम, मैंगनीज जैसे खनिजों की भी मात्रा होती है।
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स्रोत और संदर्भ
Bottle gourd (Lagenaria siceraria) juice poisoning
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