मौसम में बदलाव जारी है और दिन पर दिन सर्दी का प्रकोप बढ़ता जा रहा है। लेकिन इस बदलाव का इंसान के शरीर पर बहुत प्रभाव पड़ता है और बीमारी के चपेट में आ जाता है। इस बदलते मौसम में बड़ा संख्या में लोग सर्दी-जुकाम की चपेट में आ जाते हैं। नैशनल इंस्टिट्यूट ऑफ ऐलर्जी ऐंड इन्फेक्शियस डिजीज के मुताबिक सामान्य रूप में सर्दी-जुकाम करीब 7 से 10 दिनों तक रहता है। इस समस्या से निजात पाने के लिए घरेलू नुस्खे से लेकर दवाइयों का इस्तेमाल लोग करते हैं। अगर हर उपाय करने के बाद भी सर्दी-जुकाम से राहत नहीं मिल रही हो तो कहीं न कहीं आप अपने दैनिक दिनचर्या में कुछ गलतियां कर रहे हैं। आइए जानते हैं इन गलतियों के बारे में...
सर्दी-जुकाम से हैं परेशान तो भूलकर भी न करें ये गलतियां, छोटी-सी बीमारी भी पड़ जाएगी भारी
भरपूर नींद न लेना
रोज की भागमदौड़ वाली जिंदगी और व्यस्त दिनचर्या के वजह से सही तरीके से नींद नहीं ले पाते हैं। वहीं बहुत से लोग ऐसे भी हैं जो रात में भी बहुत हल्की नींद लेते हैं। ऐसे में जुकाम होने के बाद जल्दी ठीक नहीं होगा। सर्दी-जुकाम में शरीर को आराम चाहिए होता है और भरपूर नींद की आवश्यकता होती है। अगर आपको सर्दी-जुकाम से लड़कर उसे हराना है तो आपको अच्छी नींद लेने की जरूरत है।
खानपान पर ध्यान न देना
सर्दी-जुकाम जैसी वायरल समस्या होने पर चॉकलेट, कॉफी, चिप्स जैसी चीजों को खाने के बजाए संतुलित आहार लेनी चाहिए। जुकाम में अपने खानपान पर विशेष ध्यान देना चाहिए। इस समस्या के दौरान मीठी चीजों से दूर रहना चाहिए क्योंकि ये चीजें इम्यून सिस्टम को कमजोर बनाती हैं, जिससे परेशानी कम नहीं होती है।
ऐंटीबायॉटिक्स का इस्तेमाल
वायरल जैसी समस्या होने पर कई लोग ऐंटीबायॉटिक्स का इस्तेमाल करते हैं। बता दें कि ऐंटीबायॉटिक्स सिर्फ उन्हीं बीमारियों पर काम करता है जो बैक्टीरिया की वजह से होते हैं। जबकि सर्दी-जुकाम की समस्या बैक्टीरिया से नहीं बल्कि वायरस से होता है। इस वजह से ऐंटीबायॉटिक्स सर्दी-जुकाम में कोई असर नहीं करता है। अगर आपको एक हफ्ते से भी ज्यादा समय से सर्दी-जुकाम की समस्या है तो डॉक्टर से संपर्क जरूर करें।
पानी न पीना
सर्दी-जुकाम के दौरान नाक बहने की समस्या आम होती है। कई बार तो इस वजह से बुखार भी हो जाता है। ऐसे में शरीर से काफी मात्रा में पानी बाहर निकल जाता है। जुकाम से पीड़ित मरीज को ढेर सारा पानी भी पीना चाहिए ताकि शरीर में मौजूद टॉक्सिन्स आसानी से बाहर निकल जाए। पानी पीने से नाक में मौजूद म्यूकस को भी लुब्रिकेट करके बाहर निकालने में मदद मिलती है।