कोरोना संक्रमण के मामले अब भी दुनियाभर के लिए चिंता का कारण बने हुए हैं, विशेषकर समय के साथ आ रहे नए-नए वैरिएंट्स लोगों के लिए और भी कई प्रकार की मुसीबतें बढ़ा रहे हैं। फिलहाल भारत सहित ज्यादातर देशों में कोरोना के ओमिक्रॉन और इनके सब-वैरिएंट्स के कारण संक्रमण के मामले देखे जा रहे हैं।
Covid-19: ओमिक्रॉन की इस प्रकृति ने बढ़ाई वैज्ञानिकों की चिंता, आधे से ज्यादा को पता ही नहीं कि वह संकमित थे
ज्यादातर लोग संक्रमण से अनजान
जामा नेटवर्क ओपन जर्नल में प्रकाशित इस अध्ययन में शोधकर्ताओं ने ओमिक्रॉन वैरिएंट की प्रकृति को लेकर चिंता जताई है। कोरोना के नए वैरिएंट्स और इसके कारण होने वाले जोखिमों को जानने के यह अध्ययन किया गया। इस अध्ययन में शामिल ज्यादातर वयस्क हाल के संक्रमण से अनजान थे। अध्ययन में कुल 6385 प्रतिभागियों को शामिल किया गया, जिनमें से 264 प्रतिभागियों में ओमिक्रोन वैरिएंट से संक्रमण की पुष्टि हुई।
अध्ययन में क्या पता चला?
अध्ययन में प्रतिभागियों से पूछताछ के दौरान पाया गया कि इनमें से केवल 44% प्रतिभागियों को संक्रमण के बारे में पता था, जबकि 56% इससे अनजान थे। जिन लोगों को संक्रमण होते हुए भी इसका पता नहीं चल पाया उनमें से 12 ने बताया कि उन्हें सामान्य सर्दी जैसी दिक्कतें तो थी पर इसपर उतना ध्यान नहीं दिया गया।
इस संबंध में स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, अध्ययन की रिपोर्ट पर दो बातें गौर करने वाली है।
पहला- ओमिक्रॉन के कारण गंभीर रोग के मामले बहुत कम हैं
दूसरा- संक्रमित होते हुए भी लोगों को इसका पता न चल पाने के कारण संक्रमण के प्रसार को खतरा अधिक हो सकता है।
अध्ययन की रिपोर्ट बताती है कि शामिल प्रतिभागियों में से ज्यादातर को वैक्सीन की दोनों डोज लग चुकी थी।
5 दिनों से ज्यादा समय तक नहीं रहता है लक्षण
इंपीरियल कॉलेज लंदन द्वारा किए गए एक अन्य अध्ययन में वैज्ञानिकों ने कोरोना संक्रमण की अवधि को लेकर जानकारी दी है। अध्ययन की रिपोर्ट में कहा गया है, यदि आप संक्रमित हो जाते हैं तो इसके ज्यादातर मामलों में लक्षण 5 दिनों के भीतर ही ठीक हो जाते हैं। सिर्फ एक-चौथाई लोगों में देखा गया है कि सात दिनों के बाद तक भी संक्रामण जारी रह सकता है।
स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं कि यदि आपको लगातार कुछ दिनों से सर्दी-जुकाम बना हुआ है तो इस स्थिति में बाहर जाने से बचें और मास्क लगाकर रखें, जिससे आसपास के लोगों को संक्रमण से बचाया जा सके।
क्या है विशेषज्ञों की सलाह?
स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं कि भले ही कोरोना के ओमिक्रॉन वैरिएंट को लेकर सामने आ रही रिपोर्ट में इसे हल्के लक्षणों वाला बताया जाता रहा है पर अगर इसकी प्रकृति को देखा जाए तो इस मामले में सभी लोगों को सावधानी बरतते रहने की आवश्यकता है। कोरोना का संक्रमण अब भी जारी है, यह गया नहीं है ऐसे में आपकी लापरवाही आपके साथ अन्य लोगों के लिए भी समस्याओं का कारण बन सकती है। भले ही आपने वैक्सीनेशन करा लिया है फिर भी कोविड एप्रोप्रिएट बिहेवियर का पालन करते रहें, जिस प्रकार से ओमिक्रॉन जैसे अति संक्रामक वैरिएंट्स देखे जा रहे हैं, ऐसे में इससे किसी को भी सुरक्षित नहीं माना जा सकता है।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्ट्स और स्वास्थ्य विशेषज्ञों की सुझाव के आधार पर तैयार किया गया है।
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