मानसून के मौसम और इसके बाद के कुछ महीनों में डेंगू-मलेरिया और चिकनगुनिया जैसी मच्छर जनित बीमारियों का खतरा अधिक देखा जाता है। हालिया रिपोर्ट्स से पता चलता है कि देश के कई राज्यों में डेंगू के मरीजों के केस बढ़ गए हैं। नेशनल सेंटर फॉर वेक्टर बोर्न डिजीज कंट्रोल (एनसीवीबीडीसी) के आंकड़ों के अनुसार भारत में इस साल अब तक 19,447 से अधिक डेंगू के मामले दर्ज किए गए वहीं इसके कारण 16 लोगों की मौत भी हुई है। स्वास्थ्य विशेषज्ञ सितंबर-अक्तूबर के महीनों को सबसे चुनौतीपूर्ण मानते हैं, हर साल इन महीनों में डेंगू का प्रकोप अधिक होता है।
Dengue Risk: दिल्ली में डेंगू के बढ़ते मामलों को लेकर अलर्ट, ये चार काम कर लें तो कम हो सकता है खतरा
दिल्ली-एनसीआर में भी बढ़ रहे हैं मामले
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार एक जनवरी से 10 सितंबर तक दिल्ली में डेंगू के कुल 675 मामले दर्ज किए गए हैं। डेंगू के कारण दो मौतें भी हुई हैं। लोक नायक अस्पताल में 54 वर्षीय एक मरीज की और सफदरजंग अस्पताल में भी एक रोगी की मौत हुई है।
अमर उजाला से बातचीत में दिल्ली स्थित एक निजी अस्पताल में जनरल फिजीशियन डॉ अरविंद कुमार बताते हैं, पिछले एक महीने में दिल्ली-एनसीआर में डेंगू रोगियों की संख्या में वृद्धि हुई है। ओपीडी में रोजाना 15-20 मरीजों में डेंगू के निदान किया जा रहा है। कुछ रोगियों को अस्पताल में भर्ती होने की जरूरत पड़ रही है पर ऐसे मामलों की संख्या कम है।
डॉक्टर कहते हैं, डेंगू से बचे रहने के लिए सभी लोगों को कुछ एहतियाती उपायों का पालन करना बहुत जरूरी है।
1. मच्छरों को पनपने से रोकें
स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, दिल्ली में इस बार मानसून का असर ज्यादा देखा गया है जिससे कई स्थानों पर जलजमाव की स्थिति हो गई। स्थिर और साफ पानी डेंगू मच्छरों के प्रजनन के लिए सबसे उपयुक्त होता है। इसके अलावा प्लास्टिक के कंटेनर, एयर कूलर, फूलों के गमले, टायर और खाली पड़े किसी भी सामान जहां पानी जमा हो सकता है उनमें मच्छर पनप सकते हैं।
मच्छरों को पनपने से रोकने के लिए कूलर-गमलों का पानी बदलते रहें। घरों के आसपास कहीं पानी जमा न होने दें। मच्छरों को भगाने के लिए दवाओं का छिड़काव कराएं।
2. घरों के भीतर भी करें मच्छर से बचाव
घरों के भीतर भी मच्छरों के काटने से बचने के लिए उपाय करना जरूरी है। इसके लिए मच्छर मारने वाले क्वाइल्स, स्प्रे आदि का सावधानी से इस्तेमाल किया जा सकता है। हालांकि इनके इस्तेमाल के कुछ देर बाद तक कमरे में जाने से बचें। रात में सोते समय मच्छरदानी का प्रयोग करना सबसे अच्छा तरीका माना जाता है।
पूरी बाजू के कपड़े पहनें
मच्छर आमतौर पर खुली त्वचा पर काटते हैं। वहीं डेंगू के मच्छर दिन में ज्यादा काटते हैं। इसलिए इन दिनों में डेंगू से बचे रहने के लिए ऐसे कपड़े पहनें जो हाथ और पैरों को पूरी तरह से ढकते हों। इससे मच्छर के काटने की आशंका कम हो जाएगी। मच्छरों से बचाव के लिए त्वचा पर लगाने के लिए क्रीम का भी इस्तेमाल डॉक्टरी सलाह पर किया जा सकता है।