जुलाई महीने के साथ आमतौर पर देश के ज्यादातर हिस्सों में मानसून की शुरुआत हो जाती है। बरसात की फुहार जहां भीषण गर्मी से राहत लेकर आती है, हालांकि बारिश की शुरुआत के साथ कई तरह की बीमारियों का खतरा भी तेजी से बढ़ने लग जाता है। इन दिनों मौसम में तेजी से बदलाव होते देखा जा रहा है, लिहाजा सर्दी-जुकाम, गले में खराश, बुखार और खांसी जैसे वायरल संक्रमण के लक्षण भी तेजी से बढ़ने लगे हैं।
Viral Infection: मौसम बदलते ही आपको भी हो गया सर्दी-जुकाम? आखिर वायरल संक्रमण होता क्यों है
बरसात के दौरान हवा में नमी बढ़ जाती है, तापमान में अचानक उतार-चढ़ाव होता है और कई वायरस लंबे समय तक वातावरण में सक्रिय रह सकते हैं। यही वजह है कि एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति तक संक्रमण तेजी से फैलता है।
वायरल संक्रमण का खतरा
स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, वायरल संक्रमण के साथ-साथ इन दिनों में कोविड-19, स्वाइन फ्लू, डेंगू या अन्य संक्रामक रोगों के मामले भी बढ़ रहे हैं, अक्सर इसके लक्षण मिलते-जुलते हो सकते हैं। इसलिए यदि तेज बुखार लंबे समय तक बना रहे, सांस लेने में तकलीफ हो, लगातार कमजोरी महसूस हो तो डॉक्टर से जांच कराना जरूरी हो जाता है। समय पर सही पहचान इलाज को आसान बनाती है और जटिलताओं से बचाती है।
अच्छी बात यह है कि वायरल संक्रमण को आसानी से ठीक किया जा सकता है। आइए जानते हैं कि वायरल संक्रमण आखिर क्यों तेजी से फैलता है, किन लोगों को सबसे ज्यादा खतरा होता है?
बारिश के मौसम में वायरल संक्रमण क्यों बढ़ जाता है?
मानसून के दौरान तापमान और आर्द्रता में बदलाव होता है, जिससे कई श्वसन संबंधी वायरस तेजी से फैल सकते हैं।
- संक्रमित व्यक्ति की खांसी या छींक से निकलने वाली बूंदों के जरिए वायरस आसानी से दूसरे लोगों तक पहुंच सकता है।
- इसके अलावा मौसम बदलने के दौरान शरीर को तापमान के अनुसार ढलने में समय लगता है।
- यदि इस दौरान पर्याप्त नींद, संतुलित भोजन और स्वच्छता का ध्यान न रखा जाए तो संक्रमण का खतरा बढ़ सकता है।
इसकी शुरुआती पहचान कैसे करें?
वायरल संक्रमण में आमतौर पर गले में खराश, नाक बहने, छींक आने, हल्का या मध्यम बुखार के साथ शरीर में दर्द होती है।
- कुछ लोगों में भूख कम लगने और कमजोरी की भी दिक्कत महसूस हो सकती है।
- अधिकांश मामलों में ये लक्षण कुछ दिनों में ठीक हो जाते हैं, लेकिन यदि तेज बुखार लगातार बना रहे, सांस लेने में कठिनाई हो या सीने में दर्द हो तो तुरंत डॉक्टर की सलाह लेनी चाहिए।
वायरल संक्रमण के खतरे कम कैसे कम करें?
वायरल संक्रमण के लक्षणों को कम करने के लिए डॉक्टर आपको कुछ दवाएं दे सकते हैं।
- इसके अलावा बीमारी के दौरान शरीर को तरल पदार्थ और पोषण की जरूरत होती है।
- गुनगुना पानी, सूप, दाल, मौसमी फल, हरी सब्जियां, नारियल पानी और विटामिन-सी युक्त खाद्य पदार्थ शरीर को रिकवरी में मदद कर सकते हैं।
- खूब पानी पीते रहने से डिहाइड्रेशन से बचाव होता है।
अगर आपको वायरल संक्रमण है तो एंटीबायोटिक नहीं लेनी चाहिए। बिना डॉक्टर की सलाह के कोई भी दवा नहीं लेनी चाहिए।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस के आधार पर तैयार किया गया है।
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