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पद्मावत: फैसले से पद्मिनी के वंशज भी नाराज, बोले- आक्रोश फूटना वाजिब

Thu, 18 Jan 2018 08:24 PM IST
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर Updated Thu, 18 Jan 2018 08:24 PM IST
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padmavati controversy- former royal families disappointed with supreme court
महेंद्र सिंह मेवाड़ - फोटो : अमर उजाला
फिल्म पद्मावत को लेकर घमासान अपने चरम पर है। सुप्रीम कोर्ट की ओर से राज्यों को दिए गए आदेश के बाद देश भर में हलचल मची हुई है। राजस्थान में राजपूत संगठनों के बाद मेवाड़ के पूर्व राजपरिवार ने अपनी नाराजगी जताई है। उन्होंने कहा है कि मनोरंजन के नाम पर फिल्म रिलीज करना कतई सही नहीं है। अगर ऐसे में लोगों का आक्रोश फूटता है तो वो वाजिब है।

भंसाली को लिखा था पत्र

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पद्मावती
मेवाड़ के पूर्व राजघराने के सदस्य और महारानी पद्मिनी के वंशज महेंद्र सिंह मेवाड़ ने पूर्व में सेंसर बोर्ड और संजय लीला भंसाली का पत्र लिखकर अपना विरोध दर्ज करवाया था। महेन्द्र सिंह मेवाड़ के पुत्र विश्वविजय सिंह मेवाड़ ने भी इस मसले में अपने विचार मीडिया के सामने रखे थे।

 

एक बड़ा तबका है नाराज

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padmavati
अब उच्चतम न्यायालय के निर्णय के बाद महेन्द्र सिंह मेवाड़ ने इस मामले में अपनी प्रतिक्रिया दी है। साथ ही फिल्म रिलीज होने पर लॉ एण्ड ऑर्डर बिगडने की संभावना पर महेन्द्र सिंह मेवाड़ ने कहा कि किया कि एक बड़ा तबका नाराज हैं। उसकी नाराजगी को दरकिनार कर मनोरंजन के नाम पर फिल्म रिलीज करना गलत है। ऐसे में लोगों का आक्रोश फूटना वाजिब है।

 
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कंटेंट को लेकर टिप्पणी नहीं है

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उन्होंने कहा कि उच्चतम न्यायलय का निर्णय अभी सिर्फ चार राज्यों पर लगे प्रतिबंध को लेकर है। उसमें फिल्म के कंटेंट को सही का गलत बताने को लेकर टिप्पणी नहीं है।

 
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जो प्रक्रिया अपनाई वो सामने नहीं आई

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मेवाड़ ने कहा कि इस निर्णय के अलावा भी यदि बात करें सीबीएफसी तो इसकी कार्य प्रणाली पर लगातार सवाल खड़े हुए हैं। सीबीएफसीआई को लेकर उन्होंने कहा कि फिल्म को सर्टिफाई करने के लिए क्या प्रक्रिया अपनाई वो भी सामने नहीं आ पाई है।


 
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