प्रदेश में भाजपा की सरकार को शुक्रवार को चार साल पूरे हो गए। योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व वाली सरकार ने पिछले चार सालों में गोरखपुर जिले की काया पलट कर दी है। तमाम विकास कार्य होने से लोगों को सुविधाएं मिलने लगी हैं। जिले को पहचान दिलाने वाला खाद कारखाना बनकर तैयार है। रामगढ़ताल में वाटर स्पोर्ट्स शुरू होने वाला है। राप्ती तट पर साबरमती की तर्ज पर दो घाट बनवाए गए हैं। यह शहर का नया पर्यटन स्थल बन गया है। बिजली आपूर्ति की व्यवस्था में तमाम सुधार होने से निर्बाध आपूर्ति होने लगी है। 32 गांवों को नगर निगम क्षेत्र में शामिल करके शहर का विस्तार किया गया है। कई हाईवे को फोरलेन बनाया गया है। अस्पतालों में तमाम तरह की सुविधाएं दी गई हैं। महिला सुरक्षा के संबंध में भी कई कारगर कदम उठाए गए हैं। आगे की स्लाइड्स में पढ़ें इन चार सालों में क्या हुआ है खास...
यूपी सरकार के चार साल: विकास को लगे पंख, गोरखपुर वासियों को मिलीं ये खास सुविधाएं
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7000 करोड़ की लागत से खाद कारखाना तैयार
ढाई दशक से बंद खाद कारखाना फिर शुरू होने के लिए तैयार है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के प्रयास से जुलाई 2016 में पीएम नरेंद्र मोदी ने नए खाद कारखाने की नींव रखी थी। जल्द ही पीएम लोकार्पण भी करेंगे। 7000 करोड़ की लागत से निर्माणाधीन खाद कारखाने का काम पूरा हो चुका है और अब ट्रायल की तैयारी चल रही है। इस कारखाने से गोरखपुर समेत पूरे पूर्वांचल के किसानों को राहत मिलेगी।
रामगढ़ताल में वाटर स्पोर्ट्स को मिल रहा बढ़ावा
गोरखपुर के प्रमुख पर्यटन स्थल के तौर पर विकसित रामगढ़ताल में वाटर स्पोर्ट्स को बढ़ावा मिल रहा है। रोजाना सैकड़ों की संख्या में लोग स्पीड बोट और पैडल बोट का आनंद उठा रहे हैं। जल्द ही ड्रैगन बोट, फ्लाई बोर्ड और फ्लोराइडर का भी आनंद उठा सकेंगे। गोरखपुर विकास प्राधिकरण (जीडीए) ने इनका संचालन करने के लिए अनुभवी फर्मों से टेंडर आमंत्रित किया है।
उच्च शिक्षा के क्षेत्र में चार साल के दौरान गुरु गोरक्षनाथ शोधपीठ की स्थापना बड़ी उपलब्धि रही। शोधपीठ का नया भवन तैयार हो गया है। 20 मार्च से अंतरराष्ट्रीय स्तर की तीन दिवसीय संगोष्ठी शुरू हो रही है, जिसमें नाथपंथ पर काम करने वाले साहित्यकार विमर्श करेंगे।
इलेक्ट्रिक बसों के संचालन की दिशा में बढे़ कदम
नगरीय परिवहन सेवा के तहत शहर में 25 इलेक्ट्रिक बसें चलाई जानी हैं। शासन से मंजूरी मिल चुकी है। नगर निगम की ओर से महेसरा में चार्जिंग स्टेशन बनाने का काम शुरू कर दिया गया है।
सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट के लिए खरीदी गई जमीन
शहर से रोजाना निकलने वाले तकरीबन 600 मीट्रिक टन कूड़े के निस्तारण के लिए सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट की जमीन खरीदी जा चुकी है। प्लांट के निर्माण की जिम्मेदारी भी सीएंडडीएस को सौंपी गई है।
शहर का हुआ विस्तार, 32 गांव नगर निगम में शामिल
शहर अब महानगर की श्रेणी में आ जाएगा। प्रदेश कैबिनेट की स्वीकृति के बाद नगर निगम सीमा में 32 और गांव जुड़ गए हैं। इसका नोटिफिकेशन जल्द जारी होगा। इसके बाद शहरी सुविधाओं का लाभ दिया जाएगा।