इस साल जनवरी-फरवरी में इरफान खान की बीमारी से विशाल भारद्वाज की फिल्म 'सपना दीदी' के अचानक बंद होने के बाद दीपिका परेशान हैं क्योंकि एकदम से उनके करियर में ठहराव आ गया। उनके पास कोई काम नहीं रहा। दीपिका संजय लीला भंसाली के साथ 'बाजीराव मस्तानी' और 'पद्मावत' करते हुए एक बार में एक फिल्म कर रही थीं।
दूसरे फिल्म मेकरों को उन्होंने इंतजार करने को कह रखा था। अब अचानक पैदा हुए काम के अभाव के बाद दीपिका को गलती का अहसास हो रहा है। दीपिका के करीबी सूत्रों के अनुसार, उन्हें लग रहा है कि एक साथ दो या तीन फिल्में साइन करके रखनी थीं ताकि एकाध के बंद होने पर दूसरी का काम शुरू रहता।
दीपिका 'पद्मावत' के बाद बड़े प्रोजेक्ट्स की तलाश में हैं। इस साल रणवीर सिंह के साथ उनकी शादी की चर्चाएं हैं और दीपिका को लग रहा है कि सात फेरे लेने से पहले जितनी हो सकें, बड़ी फिल्में साइन कर ली जाएं ताकि शादी के बाद भी निरंतर काम जारी रहे।
सूत्रों के अनुसार इन दिनों दीपिका लगातार स्क्रिप्ट्स सुन रही हैं। वह अब एक बार में एक फिल्म करने जैसी गलती नहीं दोहराना चाहतीं। सूत्रों के अनुसार दीपिका ने अपने प्रभादेवी वाले घर पर निर्देशकों को बुलाना शुरू किया है, जहां वह उनसे स्टोरी आइडियाज पर विचार-विमर्श कर रही हैं। बताया जा रहा है कि दीपिका अपनी पूरी टीम के साथ बैठ कर पटकथाएं सुन-समझ रही हैं। दीपिका की आदत है कि वह किसी स्क्रिप्ट पर अकेले फैसला नहीं लेतीं बल्कि उस पर कुछ और लोगों की राय लेती हैं। तभी अंतिम फैसला करती हैं।
कुछ अलग करने का इरादा
बड़ी और मसाला फिल्मों के बीच दीपिका अब कुछ अलग ढंग की फिल्में भी करना चाहती हैं। खबर है कि पिछले दिनों उन्होंने फिल्म 'मसान' के निर्देशक नीरज घेवन से कुछ मुलाकातें की हैं। दोनों एक प्रोजेक्ट पर बातचीत कर रहे हैं। घेवन द्वारा सुनाए एक ड्रामा में दीपिका रुचि ले रही हैं।