आज की पीढ़ी को भले लगता हो कि जय श्री राम के उद्घोष का संबंध अयोध्या में राम मंदिर को लेकर हुए विश्व हिंदू परिषद के आंदोलन से है, लेकिन सच यही है कि अभिवादन के तौर पर इसका उपयोग दूरदर्शन पर प्रसारित हुए रामानंद सागर के धारावाहिक रामायण से ही प्रचलन में आया।
2 of 4
the kapil sharma show
- फोटो : social media
धारावाहिक में सीता का किरदार करने वाली दीपिका चिखलिया बताती हैं, “हमें तो पता ही नहीं था कि हम इतने मशहूर हो गए हैं। साढ़े तीन साल तक हम उमरगांव में इसकी शूटिंग करते रहे। आसपास न कोई टेलीफोन और न पोस्ट ऑफिस। फिर हमें राजीव गांधी ने सत्कार के लिए बुलाया और इस शो के लिए हमारी सराहना की थी। यहीं पहली बार मैंने देखा कि तमाम मंत्री और वहां इकट्ठी भीड़ 'जय श्री राम' के नारे लगा रही थी।"
3 of 4
the kapil sharma show
- फोटो : social media
55 देशों में प्रसारित हुए धारावाहिक रामायण के कलाकार इस बार द कपिल शर्मा शो के खास मेहमान हैं। अरुण गोविल बताते हैं, "जब हम रामायण की शूटिंग कर रहे थे तो तमाम पत्रिकाएं सीरीयल के कलाकारों से बोल्ड फोटो शूट के लिए संपर्क करतीं और बदले में इतना पैसा देने का लालच देतीं कि बड़े से बड़े कलाकार का मन डोल जाए। लेकिन, हममें से किसी ने भी यह ऑफर स्वीकार नहीं किया क्योंकि दर्शक हम पर आस्था रखते थे और हम पैसों के लिए उनका यह विश्वास कभी नहीं तोड़ना चाहते थे।"
4 of 4
kapil sharma show
- फोटो : amar ujala
अरुण गोविल इस धारावाहिक में राम का किरदार मिलने का भी किस्सा सुनाते हैं, "उन दिनों धारावाहिक विक्रम और बेताल में राजा विक्रमादित्य का रोल निभा रहा था। मुझे रामायण के बारे में पता चला तो मैंने रामानंद सर के पास जाकर राम का किरदार निभाने का अनुरोध किया। महीने भर तक वह कलाकर ढूंढते रहे फिर उन्होंने मुझे फोन किया और कहा, 'तेरे से अच्छा राम नहीं मिलेगा।"
यशराज इस साल रिलीज करेगा एक के बाद एक छह फिल्में, अबू धाबी से लौटीं शर्वरी ने बताई ये खास बात