{"_id":"5e804b908ebc3e77505a476c","slug":"hasan-safin-who-22-year-old-hasan-safin-youngest-ips-officer-in-the-country","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"UPSC: देश के सबसे कम उम्र के IPS अधिकारी, कभी खाने के लिए भी नहीं थे पैसे","category":{"title":"Education","title_hn":"शिक्षा","slug":"education"}}
UPSC: देश के सबसे कम उम्र के IPS अधिकारी, कभी खाने के लिए भी नहीं थे पैसे
Sun, 29 Mar 2020 01:07 PM IST
Garima Garg
एजुकेशन डेस्क, अमर उजाला
एजुकेशन डेस्क, अमर उजाला
Published by: Garima Garg
Updated Sun, 29 Mar 2020 01:07 PM IST
विज्ञापन
safin hasan
- फोटो : social media
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कोरोना वायरस जैसी गंभीर महामारी से आज पूरा देश दहशत में है। ऐसे में लोगों का मनोबल कम न हो, इसके लिए हम आपके लिए एक ऐसी सक्सेस स्टोरी लाए हैं जो आपके अंदर उत्साह भर देगी। संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) में सफलता हासिल कर भारतीय प्रशासनिक सेवा अधिकारी या भारतीय पुलिस सेवा अधिकारी (IAS or IPS Officer) बनने के लिए युवा दिलो-जान लगा देते हैं। उस पद पर पहुंचने वाले ज्यादातर युवा की अपनी एक कहानी होती है। कहानी मेहनत, संघर्ष और दृढ़ इरादों की। ऐसी ही एक कहानी हम आज आपको बता रहे हैं।
safin hasan
- फोटो : social media
- साफिन गुजरात के सूरत जिले के रहने वाले हैं।
- उनके माता-पिता हीरे की एक यूनिट में नौकरी करते थे।
- एक बार जब प्राइमरी स्कूल में कलेक्टर आए थे तो सब उन्हें सम्मान दे रहे थे। ये देखकर उस वक्त साफिन को आश्चर्य हुआ। इस विषय पर साफिन ने अपनी मौसी से पूछा तो उन्होंने बताया कि कलेक्टर किसी जिले का राजा होता है। एक अच्छी पढ़ाई करके कलेक्टर बना जा सकता है। तभी साफिन ने कलेक्टर बनने की ठान ली।
सबसे युवा आईपीएस साफिन हसन
- फोटो : Instagram
- साफिन हसन ने बताया कि 2000 में उनका घर बन रहा था।
- उनके माता-पिता दिन में मजदूरी और रात में घर के लिए ईंट ढोते थे।
- उसी दौरान मंदी के चलते माता-पिता की नौकरी चली गई।
- उसके बाद उनके पिता ने घर चलाने और बच्चों को पढ़ाने के लिए घरों में इलेक्ट्रीशिन का काम करने के साथ-साथ रात में ठेला लगाकर उबले अंडे और ब्लैक टी बेची।
विज्ञापन
विज्ञापन
safin hasan
- फोटो : social media
- दूसरी तरफ हसन की मां घर-घर जाकर रोटियां बनाने का काम करती थीं।
- न जाने कितने घंटे वे रोटियां ही बेलती रहती थीं।
- अपने माता-पिता का ये संघर्ष देखकर वे हमेशा सोचते की माता-पिता के लिए कुछ करना है।
- हसन को बचपन से ही पढ़ना पसंद था। लेकिन साथ ही वे अन्य गतिविधियों का भी हिस्सा बनते थे।
विज्ञापन
safin hasan
- फोटो : social media
- इन्होंने प्राइमरी पढ़ाई सरकारी स्कूल में गुजराती मीडियम से की।
- हसन के जब 10वीं में 92 प्रतिशत आए तो इनका मन था साइंस स्ट्रीम से पढ़ने का।
- हसन बताते हैं कि उस साल इनके जिले में एक प्राइमरी स्कूल खुल रहा था जिसकी फीस बहुत ज्यादा थी। पर इनकी आधी से ज्यादा फीस माफ कर दी गई। 11वीं कक्षा में इन्होंने अंग्रेजी सीखना शुरू किया।
- हसन अपने हॉस्टल खर्च के लिए छुट्टियों में बच्चों को पढ़ाते थे।
- यूपीएससी के पहले प्रयास के समय उनका एक्सीडेंट हो गया था। फिर भी वे परीक्षा देने गए। बाद में उन्हें अस्पताल में भर्ती होना पड़ा। लेकिन आखिरकार उन्हें सफलता मिली।
- देश के सबसे कम उम्र के इस आईपीएस अधिकारी को जामनगर में नियुक्ति दी गई है।
कमेंट
कमेंट X