ग्रेटर नोएडा में एक जगह है जिसका नाम इतना अजीब है कि यहां रहने वालों ने अब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से गुहार लगाई है कि वह इस जगह का नाम बदलें। उनका कहना है कि इस जगह के नाम की वजह से यहां रहने वाले सरकार द्वारा उपलब्ध कराई जा रही सेवाओं का उपभोग नहीं कर पाते।
गौरतलब है कि इस जगह का नाम "पाकिस्तान वाली गली" है। ग्रेटर नोएडा में स्थित इस जगह का ये नाम इसलिए पड़ा क्योंकि विभाजन के दौरान कुछ लोग पाकिस्तान से आकर यहां बस गए थे। हालांकि यहां रहने वालों का कहना है कि अगर उनके पूर्वज पाकिस्तान से यहां आकर बस गए तो यह उनकी गलती नहीं है।
एक स्थानीय निवासी का कहना है कि, "हम भारतीय हैं। पाकिस्तान से बहुत समय पहले हमारे सिर्फ चार पूर्वज आए थे। लेकिन आज भी हमारे आधार कार्ड तक में "पाकिस्तान वाली गली" लिखा है। हम इस देश का हिस्सा हैं तो क्यों हमें पाकिस्तान के नाम पर अलग किया जा रहा है।"
अपनी आपबीती बताते हुए एक शख्स ने कहा कि हम लोग अपने बच्चों के लिए शिक्षा और रोजगार चाहते हैं। यहां रहने वाले भूपेश कहते हैं कि, "अपना आधार कार्ड दिखाने के बाद हमें रोजगार भी नहीं मिलता। हम अपने बच्चों की शिक्षा पर खर्च करते हैं लेकिन उन्हें रोजगार नहीं मिलता। हम लोग बहुत परेशान हैं। हम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से विनती करते हैं कि इस कॉलोनी का नाम बदलें और हमें रोजगार दें।"
एक अन्य निवासी का कहना है कि, "लोग हमारे साथ ऐसा बर्ताव करते हैं जैसे कि हम किसी और देश के रहने वाले हैं। यह सब इसलिए है क्योंकि इस गली का नाम "पाकिस्तान वाली गली" है। हमें मोदी जी से उम्मीद है कि वह निश्चित ही हमारी आवाज सुनेंगे और कोई कार्रवाई करेंगे।" गौरतलब है कि इस कॉलोनी में 60-70 घर हैं और यहां रहने वाले चाहते हैं कि सरकार इस गली का नाम बदले, ताकि वो अपने ही देश में अलग-थलग न महसूस करें।