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इस बात से हमेशा परेशान रहते थे सीएम योगी के पिता, अंतिम संस्कार में भावुक हुए मामा ने बताई दिल की बात
भारतेंदु शंकर पांडेय, अमर उजाला, ऋषिकेश
Published by: अलका त्यागी
Updated Wed, 22 Apr 2020 12:48 PM IST
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सीएम योगी के पिता स्व. आनंद सिंह बिष्ट के अंतिम संस्कार के दौरान उनके साले हरि सिंह नेगी भावुक हो गए। उन्होंने इस दौरान अमर उजाला से बातचीत में खुलकर अपने मन की बात कही। उन्होंने बताया कि उनके बहनोई हमेशा किस बात को लेकर परेशान रहते थे।
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उन्होंने कहा कि सेवानिवृत्ति के बाद सीएम योगी के पिता स्व. आनंद सिंह बिष्ट हमेशा पलायन की समस्या को लेकर चिंतित रहते थे। यही कारण रहा कि सेवानिवृत्ति के बाद भी अपने पैतृक गांव पंचूर में रहना ही उचित समझा।
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उन्होंने बताया कि स्व. आनंद सिंह बिष्ट उनके बहनोई होने के साथ ही परम मित्र भी थे। पलायन की समस्या उनकी हर बात में झलकती थी। एक दौर था जब पैतृक गांव पंचूर में 150 से ज्यादा परिवार हुआ करते थे। मगर, आज सिर्फ आठ ही परिवार रह गए हैं। यही समस्या अन्य जगहों की भी है।
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वह अक्सर मुझसे कहा करते थे कि रोजगार के अभाव में पैतृक स्थल को छोड़ युवा शहर का रुख कर रहे हैं। वह चाहते थे कि सरकार ऐसी व्यवस्था बनाए, जिससे इन युवाओं को गांव छोड़कर न जाना पड़े। इसी क्रम में स्व. आनंद सिंह बिष्ट ने युवतियों को शिक्षा के लिए बाहर न जाना पड़े, इसके लिए एक प्राइवेट महाविद्यालय की स्थापना की।
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अमर उजाला से बातचीत के दौरान रुंधे गले से बोलते हुए योगी आदित्यनाथ के बड़े मामा हरिसिंह नेगी ने कहा कि सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में हर 10 किलोमीटर के बाद उद्योग कारखाने लगाए और यह कारखाने स्व. आनंद सिंह बिष्ट के नाम पर बनें।
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