उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में एक हैरतअंगेज मामला सामने आया है। यहां एक अजगर सरकारी गाड़ी में तीन दिन तक सफर करता रहा और विभागीय कर्मचारी इससे बेखबर रहे।
देहरादून के बिंदालपुल स्थित बिजली विभाग के कार्यालय के एक अधिकारी की गाड़ी में तीन दिन पहले अजगर घुस गया था। उस वक्त कर्मचारियों के तमाम प्रयास के बावजूद अजगर गाड़ी में नहीं मिला। इस पर कर्मचारियों ने समझा कि अजगर चला गया है और चालक गाड़ी लेकर चला गया।
तीसरे दिन बुधवार को अधिकारी ने अपनी गाड़ी से अजगर को निकलते देखा और वन विभाग को सूचना दी। मौके पर पहुंची रेस्क्यू टीम ने अजगर को पकड़कर जंगल में छोड़ दिया है। घटनाक्रम के मुताबिक बिंदालपुल स्थित बिजली विभाग के कार्यालय के एक अधिकारी की सरकारी गाड़ी में तीन दिन पहले एक अजगर घुस गया था। अधिकारी ने अजगर को गाड़ी में घुसते हुए भी देखा था।
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बोनट में अजगर
- फोटो : अमर उजाला (file photo)
इसके बाद चालक और विभागीय कर्मचारियों ने अजगर की काफी खोजबीन की, लेकिन अजगर गाड़ी में नहीं मिला। दरअसल अजगर गाड़ी के डैशबोर्ड में छुप गया था जिसकी वजह से कर्मचारियों की नजर नहीं पड़ी। अधिकारी और गाड़ी के चालक ने समझा कि अजगर निकलकर चला गया। इसके चलते अजगर तीन दिनों तक गाड़ी में छिपा रहा और अधिकारी के साथ घूमता रहा।
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अजगर
- फोटो : अमर उजाला (file photo)
बुधवार सुबह अधिकारी और चालक ने अजगर को गाड़ी से बाहर निकलते देखा। अधिकारी ने तत्काल इसकी जानकारी प्रभागीय वन अधिकारी राजीव धीमान को दी। प्रभागीय वन अधिकारी के निर्देश पर रेस्क्यू टीम बिंदालपुल स्थित बिजली दफ्तर पहुंची और गाड़ी के डैशबोर्ड में छिपे अजगर को बाहर निकाला। टीम में शामिल रवि जोशी ने बताया कि अजगर को पकड़कर जंगल में छोड़ दिया गया है।