फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

NCERT मामले में हाईकोर्ट ने सुनाया फैसला, अब केवल इसी शर्त पर अपनी किताबें दे पाएंगे स्कूल

Sun, 15 Apr 2018 08:58 AM IST
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, नैनीताल
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, नैनीताल Updated Sun, 15 Apr 2018 08:58 AM IST
विज्ञापन
Ncert books new decision by uttarakhand high court
डेमो पिक

हाईकोर्ट ने शुक्रवार को निजी स्कूलों में राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान परिषद (एनसीईआरटी) की किताबों को लागू करने के फैसले को सही माना। अंतरिम आदेश पारित करते हुए न्यायालय ने किताबों को लागू करने के लिए सरकार की ओर से उठाए जा रहे सख्त कदमों पर रोक लगाई और स्कूल संचालकों, प्रकाशकों से कहा कि वे अपनी उन्हीं किताबों को लागू कर पाएंगे जिनका मूल्य परिषद की किताबों के मूल्य के बराबर हो।

Ncert books new decision by uttarakhand high court
nainital high court - फोटो : google

स्कूल संचालकों और प्रकाशकों को इन किताबों को लागू करने से पहले रेट लिस्ट और किताबों की सूची प्रदेश सरकार को देनी होगी। 23 अगस्त 2017 को प्रदेश सरकार ने प्रदेश के सभी विद्यालयों (आइसीएसई को छोड़कर) में राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान परिषद की किताबों को लागू करने का आदेश जारी किया था। इसके बाद इसी संबंध में 15 फरवरी, छह मार्च और नौ मार्च 2017 को भी आदेश जारी किए गए। इन आदेशों में किताबों को लागू न करने पर सख्त कार्रवाई का जिक्र किया गया था।

Ncert books new decision by uttarakhand high court
किताब खरीदते छात्र।

शुक्रवार को न्यायमूर्ति सुधांशु धूलिया की ओर से जारी अंतरिम आदेश में बाद के तीन आदेशों पर रोक लगा दी गई। न्यायालय ने मूल रूप से 23 अगस्त 2017 के आदेश को बरकरार रखा है। इसके साथ ही न्यायालय ने निजी स्कूलों और प्रकाशकों को अपनी किताबें लागू करने पर किताबों और मूल्य की सूची राज्य सरकार तथा राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान परिषद को देने का आदेश दिया।

विज्ञापन
विज्ञापन
Ncert books new decision by uttarakhand high court
books reading

संयुक्त विद्यालय प्रबंधन समिति ऊधम सिंह नगर और अन्य ने उच्च न्यायालय में अलग-अलग याचिकाएं दायर कर सरकार के 23 अगस्त 2017 के आदेश को चुनौती दी थी। याचिकाकर्ताओं का कहना था कि स्कूलों में प्रकाशकों की किताबों को पूरी तरह से प्रतिबंधित कर दिया गया है।
 

विज्ञापन
Ncert books new decision by uttarakhand high court
BOOKS

सरकार का तर्क है कि ये किताबें महंगी दरों पर अभिभावकों को उपलब्ध कराई जाती हैं जिनसे उन पर अधिक व्यय भार पड़ता है। यह आदेश भेदभावपूर्ण है क्योंकि इसमें आईसीएसई को छोड़ दिया गया है। मामले की अगली सुनवाई तीन मई को होगी। पिछले दो दिन से इस मामले को लेकर सुनवाई जारी थी।

अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed