आधार कार्ड को लेकर यह खबर आपके बहुत काम की है। आगे पढ़िए...
अप्रैल के अंतिम सप्ताह में स्कूली छात्रों के आधार कार्ड बनने का सिलसिला शुरू हो जाएगा। इसके साथ ही पांच साल की आयु पूरी कर चुके बच्चों का आधार अपडेट भी किया जाएगा। महानिदेशक विद्यालयी शिक्षा कैप्टन आलोक शेखर तिवारी ने बताया कि आधार कार्ड बनाने के लिए टेंडर जारी हो चुका है।
कैमरा टीमों का गठन करके विद्यालयों में कैंप लगाए जाएंगे। शिविरों का आयोजन करके विद्यालयों और मदरसों के छात्रों के आधार कार्ड बनाए जाएंगे। राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद (एनसीईआरटी) की पुस्तकें खरीदने के लिए डीबीटी के जरिए छात्र-छात्राओं को पैसा भेजने के लिए बैंक खातों का आधार कार्ड से जुड़ा होना अनिवार्य है।
इस संबंध में सचिव विद्यालयी शिक्षा डॉ. भूपिंदर कौर औलख की ओर से जारी आदेश में स्पष्ट कर दिया गया कि पुस्तकों की मद का पैसा भेजने के लिए यह सुनिश्चित कर लिया जाए कि छात्र का आधार कार्ड बना है। शिक्षा विभाग का कहना है कि 80 फीसदी से अधिक छात्रों का आधार कार्ड बन गया है। ऐसे में 20 फीसदी छात्रों का मामला फंस रहा है।
बिना आधार कार्ड पुस्तकों के पैसे के अलावा छात्रों को छात्रवृत्ति और केंद्र व राज्य की अन्य योजनाओं का लाभ लेने में दिक्कत आएगा। इस संबंध में मानव संसाधन मंत्रालय की ओर से पत्र भेजा गया है। महानिदेशक विद्यालयी शिक्षा तिवारी ने बताया कि टेंडर होने के बाद कैमरा टीमें गठित की जा रही हैं। इसके साथ ही उपकरण आदि की व्यवस्था के बाद अप्रैल के अंतिम सप्ताह में आधार कार्ड बनने शुरू हो जाएंगे।