फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

मोटे हो चुके पुलिस वालों के खिलाफ पीएम मोदी को भेजी गई ऑनलाइन शिकायत, पढ़ें क्या कहा

Thu, 06 Sep 2018 06:19 PM IST
जगदीश जोशी, अमर उजाला, मुक्तसर(पंजाब)
जगदीश जोशी, अमर उजाला, मुक्तसर(पंजाब) Updated Thu, 06 Sep 2018 06:19 PM IST
विज्ञापन
Online Complaint to PM Narender Modi Against Fatty Cops
मोटे हो चुके पुलिस वाले
मोटे हो चुके पुलिस वालों के खिलाफ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को ऑनलाइन शिकायत भेजी गई है, जानिए क्या कहा गया है और क्या मांग की गई है। पढ़कर हैरानी होगी...
Online Complaint to PM Narender Modi Against Fatty Cops
मोटे हो चुके पुलिस वाले
एक युवक ने पुलिस कर्मचारियों के मोटापे को आड़े हाथ लेते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से पुलिस कर्मचारियों की ज्वाइनिंग के वक्त होने वाले फिजिकल टेस्ट को हर छह माह बाद दोबारा लेते रहने की मांग उठाई है। युवक ने ‘राइट टू पीएम’ के तहत बनी प्रधानमंत्री आफिस की ऑनलाइन वेबसाइट पर शिकायत भेज पुलिस कर्मियों के मोटापे के चलते बिगड़ रहे डील-डौल का मुद्दा उठाया है। युवक ने 2016 में प्रधानमंत्री के नाम ये शिकायत पत्र भेजा था, जिस पर स्थानीय पुलिस की 2018 में जवाबतलबी हो गई है।
Online Complaint to PM Narender Modi Against Fatty Cops
मोटे हो चुके पुलिस वाले
पत्र की कॉपी कुछ दिन पहले स्थानीय पुलिस के पास पहुंची। जिसमें शिकायतकर्ता का पक्ष सुन जवाब मांगा गया है। पुलिस प्रशासन की ओर से डीएसपी ने युवक को पक्ष सुनने को बुलाया और पुलिस विभाग में पेश आ रही मुश्किलें युवक के सामने रख दीं। मुक्तसर की भट्ठे वाली गली निवासी रवि कुमार पुत्र लाला राम ने बताया कि 2016 में उसने प्रधानमंत्री आफिस की ऑनलाइन वेबसाइट पर पुलिस कर्मियों के मोटापे व बिगड़ रहे डील-डौल की शिकायत भेजी थी।
विज्ञापन
विज्ञापन
Online Complaint to PM Narender Modi Against Fatty Cops
fatty
शिकायत में लिखा था कि पुलिस विभाग में ज्वाइनिंग के समय फिटनेस टेस्ट लिया जाता है। टेस्ट क्लीयर करने के बाद ही विभाग में तैनाती होती है। मगर देखने में आता है कि विभाग में तैनात होने के बाद ही करीब डेढ़-दो वर्ष के अंतराल में पुलिस कर्मी मोटापे का शिकार होने लगते हैं। वह पहले की तरह फिटनेस का ध्यान नहीं रख पाते। इसलिए ये टेस्ट हर छह महीने बाद दोबारा होते रहना चाहिए। अगर ऐसा टेस्ट हर छह महीने बाद होगा तो पुलिस कर्मचारी अपनी फिटनेस के प्रति सतर्क रहेंगे। अगर कोई कर्मचारी टेस्ट क्लीयर न कर पाए तो उसे या तो अपनी फिटनेस के लिए चेतावनी देकर एक मौका और दिया जाए या उसे तुरंत सस्पेंड किया जाए।
विज्ञापन
Online Complaint to PM Narender Modi Against Fatty Cops
online
डीएसपी ने कहा- मोटापा आ ही जाता है
रवि कुमार के अनुसार पुलिस विभाग जिम्मेदारी वाला है। अगर पुलिस कर्मी ही अनफिट होंगे या कहें कि ज्वाइनिंग के समय जैसे बाद में भी एक्टिव नहीं हैं तो विभाग को उनकी जगह नई भर्ती करनी चाहिए। रवि ने बताया कि शिकायत की कॉपी अब जाकर जिला पुलिस को मिली है। डीएसपी तलविंदर सिंह गिल ने उन्हें पक्ष रखने को बुलाया। जब वह उनसे मिलने गए तो उन्होंने उनके सामने भी ये मांग दोहराई, ताकि कर्मचारी फिटनेस प्रति सजग रहें। मगर डीएसपी ने उनके सामने विभागीय समस्याएं रख दीं।
अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed