फिर चर्चा में नवजोत सिंह सिद्धू, इस मामले में बढ़ा विवाद तो मांगनी पड़ी माफी
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Shri Akal Takht Sahib is Supreme, If I have unknowingly hurt the sentiments of even One Sikh, I apologise !! ... Millions wear the revered Symbols of Sikhism on there Turbans, Clothes and even carve Tattoos with Pride, I too as a humble Sikh wore the Shawl unintentionally 🙏🏼
— Navjot Singh Sidhu (@sherryontopp) December 30, 2020
सिख संगठनों ने सिद्धू पर धार्मिक चिह्नों की बेअदबी का आरोप लगाया था। उन्होंने नवजोत सिंह पर धार्मिक परंपराओं के अनुसार कार्रवाई करने की मांग की थी। बुधवार को जत्थेदार ज्ञानी हरप्रीत सिंह ने कहा कि सिद्धू ने धार्मिक चिह्नों वाली शॉल पहनकर दुर्भाग्यपूर्ण काम किया है। एक सिख होने के नाते सिद्धू को इस बात की जानकारी होनी चाहिए थी कि ऐसा करना सिख धर्म की मर्यादाओं के खिलाफ है। इससे सिखों की भावनाओं को ठेस पहुंची है। जत्थेदार ने सिद्धू की इस हरकत की निंदा करते हुए कहा कि उन्हें सिख जगत से माफी मांगनी चाहिए। जत्थेदार के इस आदेश के कुछ देर बाद ही सिद्धू ने ट्विटर पर माफी मांग ली।
बिहार में चुनावी रैली में भी धार्मिक भावनाएं भड़काने के लगे थे आरोप
इससे से पहले भी सिद्धू कई बार धार्मिक मामलों में कटघरे में खड़े हुए हैं। लोक सभा चुनाव प्रचार के दौरान बिहार के कटिहार में कांग्रेस के उम्मीदवार की चुनावी रैली में सिद्धू ने जिस भाषा का प्रयोग किया था उसपर वहां के एक थाने में उनके खिलाफ मामला दर्ज है। जून 2020 में बिहार की पुलिस सिद्धू के घर के बाहर तीन दिन तक खड़ी रही थी ताकि सिद्धू को समन दिए जा सकें। सिद्धू समन की तामील के लिए घर में नहीं मिले थे। बाद में बिहार की पुलिस ने समन सिद्धू के घर के बाहर चिपका दिया था। इस मामले में भी श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार को शिकायत भेजी थी लेकिन उसपर कोई नहीं हुई थी।